किस माह में जन्मीं स्त्रियां कैसी होती हैं शादी करने से पहले ये जरूर जान ले

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महिलाओं की प्राथमिकता

आज हम आपको जन्म के महीने के आधार पर बताते हैं कि किस माह में जन्मीं स्त्रियां कैसी होती हैं, उनके विचार, उनकी सोच और जीवन से उनकी प्राथमिकताएं क्या होती हैं।

जनवरी-फरवरी

जिन महिलाओं के जन्म का महीना जनवरी या फरवरी है वे महिलाएं दिखने में काफी आकर्षक होती हैं। गोरे या सांवले रंग की ये महिलाएं दूसरों के बीच बहुत ही जल्द आकर्षण का कारण बन जाती हैं। सामान्यत: इस माह में जन्मीं महिलाएं काफी हद तक परिश्रमी होती हैं लेकिन इन्हें सोना या आराम करना भी बहुत पसंद होता है।

इन दोनों माह में से किसी भी एक माह में जन्मीं स्त्रियां उदार व्यक्तित्व की होती हैं। इनके भीतर शारीरिक संबंधों को लेकर हमेशा उदासीनता का भाव रहता है, जिसकी वजह से इनकी मैरेड लाइफ में समस्याएं उत्पन्न होती हैं। इनके लिए इनका परिवार सर्वोपरि है और साथ ही घर आए मेहमानों का सत्कार करने में भी ये कसर नहीं छोड़तीं। इन महिलाओं की पीठ पीछे बहुत तारीफ की जाती है।

मार्च-अप्रैल

संस्कारी, व्यवहार कुशल और मृदुभाषी ये स्त्रियां जहां भी जाती हैं ख्याति प्राप्त करती हैं। ये अपने दिल में कोई भी बात छिपाकर नहीं रखतीं, स्पष्ट कहना और स्पष्ट सुनना इनकी आदत में शुमार है। ऐसी स्त्रियां धनवान तो होती हैं लेकिन साथ ही अपने आकर्षक स्वरूप के कारण बहुत ही जल्द लोग इन्हें पसंद करने लगते हैं।

ये स्त्रियां एक ही बार प्रेम करती हैं और अपने प्रेमी के लिए ये कुछ भी कर गुजरती हैं। ये स्त्रियां स्वभाव से जिद्दी और जटिल होती हैं। इन्हें अगर कोई बात बुरी लगती है तो वे उसे कभी भूल नहीं पातीं। इसी वजह से इनके संबंध खराब हो जाते हैं।

मई-जून

भयंकर गर्मी वाले इन दो महीनों में जन्म लेने वाली महिलाएं अपने परिवार के लिए ही जीती हैं। गर्मी में जन्म लेने की वजह से इनके भीतर क्रोध बहुत ज्यादा होता है जो कभी भी बाहर निकल जाता है। अगर इन्हें क्रोध आ जाए तो ये किसी की भी परवाह नहीं करतीं।

इस माह में जन्मीं स्त्रियां अपेक्षाकृत ज्यादा कामुक, चतुर और मिलनसार होती हैं। इनका व्यवहार पहली ही बार में लोगों को इनसे जोड़ देता है, जिसकी वजह से इनके संबंध बहुत ही जल्दी बनते हैं। लेकिन जितनी जल्दी ये संबंध बनाती हैं उससे भी ज्यादा जल्दी ये अपनी संबंधों को खराब भी कर लेती हैं।

जुलाई-अगस्त

बरसात के मौसम में जन्म लेने वाली ये स्त्रियां सर्वगुण संपन्न और अपने परिवार का ध्यान रखने वाली होती हैं। इन्हें जीवनकाल में लगभग सभी सुख-सुविधाएं प्राप्त होती हैं और हर जगह इनका आदर भी किया जाता है।

गृह कार्य में दक्ष ये महिलाएं साफ रंग की होती हैं और साथ ही शांत होने के साथ धैर्यवान भी होती हैं। इनके लिए नियम, कायदे और अनुशासन जीवन की बहुत बड़ी जरूरत है।

सितंबर-अक्टूबर

शरद ऋतु में जन्म लेने वाली ये स्त्रियां सौभाग्यशाली होती हैं, जिन्हें जीवन का लगभग हर सुख प्राप्त होता है। इन स्त्रियों का रंग सामान्यत: सांवला या गेहुआं होता है। इन माह में जन्मीं महिलाएं धनवान तो होती ही हैं पर किसी भी प्रकार के परिश्रम को करने से नहीं बचतीं।

ये महिलाएं अपनी काम भावना को दबाकर रखती हैं जिसकी वजह से इन्हें पेट, लीवर से जुड़ी समस्याओं का सामना करना पड़ता है। आदतन ये हंसमुख स्वभाव की होती हैं लेकिन इन्हें क्रोध भी बहुत जल्द आता है। अगर इनका कोई काम पूरा नहीं होता तो ये इनसे बर्दाश्त नहीं होता।

नवंबर-दिसंबर

इस माह में जन्मीं महिलाओं का कद, उनकी गर्दन छोटी होती है और साथ ही इनका रंग भी सांवला होता है। इनके भीतर एक अजीब सा भय हमेशा बरकरार रहता है जो इन्हें फ्री होकर रहने नहीं देता।

शारीरिक संबंधों के प्रति इनकी दिलचस्पी ना के बराबर होती है जिसकी वजह से इनका पार्टनर इनसे उखड़ा रहता है। मेहमानों की आवभगत करना इन्हें पसंद नहीं, इसलिए कभी-कभी इनका व्यवहार अप्रिय हो जाता है।

5 COMMENTS

  1. बेहद रोचक जानकारी है कृपया और इस तरह की जानकारी शेयर करें।

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