मंत्री उपेन्द्र तिवारी व सांसद वीरेंद्र सिंह मस्त ने किया उद्घाटन
पंकज राय
बलिया, 07 दिसम्बर 2019: भोजपुरी के बड़े कार्यक्रमों में शुमार गड़हा महोत्सव का आयोजन बक्सर-बलिया के बॉर्डर के पवित्र गंगा तट पर भरौली में शनिवार को हुआ। इस महोत्सव में गीत-संगीत संग धूमधाम से 14 बेटियों की डोली विदा हुई। इसके पहले सांसद वीरेंद्र सिंह ‘मस्त’ ने फीता काटकर महोत्सव का विधिवत उद्घाटन किया। विशिष्ट अतिथि खेल राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) उपेन्द्र तिवारी व बक्सर विधायक मुन्ना तिवारी भी थे।
यूपी-बिहार के बॉर्डर पर गंगा किनारे आयोजित विशाल आयोजन में पूर्वांचल के कई जिलों के साथ-साथ पड़ोसी बक्सर व भोजपुर जिले से भी बड़ी संख्या में लोग जुटे थे। भोजपुरी लोक संस्कृति व परम्परा के संवर्द्धन की बातों के बीच लोगों ने गीत-संगीत का खूब आनंद लिया। उधर, 21 बेटियों की बारात आ रही थी तो वहीं भव्य मंच से नन्ही गायिका अनन्या प्रकाश ने पारंपरिक गीत से बारात का स्वागत किया। इसके बाद गायक बुलेट राजा ने ‘निहुरि-निहुरि हम अंगना बहरानी… के जरिए अनन्या के बनाए माहौल में चार-चांद लगा दिया। उधर, भव्य मंडप में 14 जोड़े फेरे ले रहे थे, इधर नवोदित कलाकार अंशिका ने ‘आजु मिथिला नगरिया निहाल सखिया….सब दूल्हा लागे बहुते कमाल सखिया…गाकर एक अलग ही तरह का माहौल बना दिया। वाराणसी के मशहूर कलाकार अमलेश शुक्ल अमन ने विवाह गीत ‘माथे मउरा बांधी के अइले दूल्हा दामाद हो… गाया।
आपन खोरिया बहार हो ….। अमलेश ने एक से बढ़कर एक गीतों से शमा बांध दिया। गड़हा विकास मंच के महासचिव विजेंद्र राय ने आभार व्यक्त किया। संचालन विजय बहादुर सिंह ‘कौशिक’ ने किया। स्वागत गीत गायक व अभिनेता गोपाल राय ने प्रस्तुत किया।

उभर आया ‘निर्भया’ का दर्द:
गड़हा महोत्सव में बेटियों की शादी हो रही थी। इस बीच बेटियों के विरुद्ध बढ़ते जा रहे अपराध पर भी सबका ध्यान आ गया। मंत्री उपेन्द्र तिवारी ने अपने भाषण के क्रम में कहा कि निर्भया हो, हैदराबाद हो या उन्नाव की घटना हो, अपराधियों का स्थान ऊपर है। महिलाओं के खिलाफ होने वाले अपराध पर भाजपा सरकार कड़ाई से पेश आ रही है। मंत्री ने कहा कि निर्भया के गांव में महाविद्यालय जल्द शुरू करने के लिए मुख्यमंत्री जी से बात हुई है। शीघ्र ही निर्भया के नाम पर महाविद्यालय स्थापित होगा। सर्वे की प्रक्रिया जल्द शुरू होगी।
गीत-संगीत संग हुई विकास की बातें:
गड़हा महोत्सव में 21 बेटियों की शादी और गीत-संगीत संग गड़हा क्षेत्र के लोगों के लिए काम की भी बातें हुईं। गड़हा विकास मंच के महासचिव विजेंद्र राय ने मंत्री उपेन्द्र तिवारी व सांसद वीरेंद्र सिंह मस्त के समक्ष पांच प्रमुख मांगें रखी। उन्होंने भरौली में हर समय फायर ब्रिगेड की गाड़ी की व्यवस्था, सड़कें व अस्पताल आदि की मांगें रखी तो भीड़ ने ताली से उनका समर्थन किया। मंत्री उपेन्द्र तिवारी व सांसद वीरेंद्र सिंह मस्त ने सभी मांगों को पूरा कराने का आश्वासन दिया। उन्होंने कहा कि गड़हा महोत्सव भोजपुरी को नई ऊंचाई पर ले जा रहा है।
जिस वक्त गड़हा के विकास की बातें हो रही थीं उस समय हजारों की भीड़ चुपचाप सुन रही थी। जो यह दर्शाने के लिए काफी है कि लोगों में विकास अहम मुद्दा है। उपेन्द्र तिवारी ने कहा कि इलाके की सभी सड़कें गड्ढा मुक्त होंगी। कोरंटाडीह में बंधे के निर्माण का भी आश्वासन दिया। बसन्तपुर में विद्युत सब स्टेशन को अपग्रेड कराने का भी आश्वासन दिया।
…और मंत्री ने कहा, रात भर हो कार्यक्रम:
गड़हा महोत्सव पिछले कई वर्षों से दिन में होता आ रहा है। इस बार मंच पर जब अतिथियों को सम्मानित किया जा रहा था तो दर्शक शोर करने लगे। तभी गोपाल राय ने दर्शकों को शांत कराते हुए कहा कि रात दस बजे तक के लिए प्रशासन से अनुमति मिली है। इसके बाद जब मंत्री उपेन्द्र तिवारी के बोलने की बारी आई तो उन्होंने भी दर्शकों के मूड को भांपते हुए कहा कि यहां जिला प्रशासन के लोग बैठे हैं। सुन लें। यदि दर्शक रातभर कार्यक्रम देखना चाहें तो चलाने दीजिएगा।
शादी के बाद ले जाते हैं तीज-खिचड़ी:
प्रसिद्ध उद्घोषक विजय बहादुर सिंह ने हज़ारों लोगों को जानकारी देते हुए जैसे ही बताया कि गड़हा विकास मंच के राष्ट्रीय अध्यक्ष चंद्रमणि राय बेटियों की शादी कराने के बाद अगले साल भर उनके यहां तीज और खिचड़ी लेकर जाते हैं। इस पर लोगों ने खूब तालियां बजाई। इसके बाद गड़हा विकास मंच के अध्यक्ष चंद्रमणि राय ने मंच से घोषणा किया कि युवाओं के लिए निःशुल्क कोचिंग व गरीबों के लिए रोटी बैंक की स्थापना भरौली में करेंगे।
खूब चला अक्षरा और गोलू राजा का जादू:
मशहूर गायक गोलू राजा ने मौके की नजाकत देखते हुए ‘हृदय में भाव लेके मालिनिया… ‘ के जरिए आते ही दर्शकों पर अपना जादू चला दिया। इसके बाद ‘हमरा के चाही ना कमइया ए मोर सैंया…’ तो दर्शक देर तक झूमते रहे। वहीं सूरज जैसे ही ढलने को आया भोजपुरी फिल्मों की अभिनेत्री व गायिका अक्षरा सिंह मंच पर आईं। दर्शक अक्षरा को देखते ही बेकाबू हो गए। हालांकि अक्षरा ने अपनी लटके-झटके भरे अदाओं से दर्शकों को अपने वश में कर लिया। भोजपुरी गायकी में खासा सम्मान हासिल कर चुके भरत शर्मा ब्यास ने अपने गीतों से लोगों को खूब झुमाया।
उधर, भवर मंडप में 21 जोड़े सात फेरे ले रहे थे इधर नवोदित कलाकार अंशिका ने ‘आजु मिथिला नगरिया निहाल सखिया….सब दूल्हा लागे बहुते कमाल सखिया… गाकर एक अलग ही तरह का माहौल बना दिया। गायक गुलशन ने अलग ही अंदाज में जय-जय गणेश जय महादेवा सुनाकर खूब तालियां बजवाई। गुलशन को गड़हा के आंगन में पहली बार प्रस्तुति करते देख लोग आनंदित थे। सुर संग्राम विजेता आलोक कुमार के गीतों पर भी दर्शक खूब झूमे। गायिका प्रियंका पायल, आर्य नंदिनी हैपी राय, निशा उपाध्याय आदि कलाकारों ने भी जलवा बिखेरा।






