बीबीएयू में आंदोलन कर रहे छात्रों को पुलिस ने उठाया, भीम आर्मी चीफ चंद्रशेखर आजाद ने कहा तुम्हारा ये भाई इंसाफ की इस लड़ाई में तुम्हारे साथ खड़ा है, छात्रों ने दमन करने का लगाया आरोप
लखनऊ, 26 अप्रैल: बीबीएयू में आंदोलन कर रहे छात्रों को आशियाना और पीजीआई पुलिस देर रात लगभग 11:40 बजे गिरफ्तार कर ली। सूत्रों के अनुसार पता चला कि सभी छात्रों को पीजीआई थाना ले जाया गया है। छात्रों का आरोप है कि छात्रों की मांगो को मानने के बजाय छात्रों का दमन क्या जा रहा है।
वही इस ग्रिफतारी के विरोध में भीम आर्मी के चीफ व लोकसभा प्रत्याशी चंद्र शेखर आजाद ने इस मामले पर ट्वीट के माध्यम से कड़ी प्रतिक्रिया दी उन्होंने लिखा कि लखनऊ के बाबा साहेब भीमराव अंबेडकर विश्वविद्यालय कैंपस में अंबेडकरवादी छात्रों पर हमला करने वालों को गिरफ्तार करने की बजाए हड़ताल पर बैठे छात्र-छात्राओं को रात के अंधेरे में डरा-धमकाकर, बल प्रयोग करके परिसर से हटाना पुलिस की कायराना हरकत है। उन्होंने लिखा कि साथियों तुम्हारा ये भाई इंसाफ की इस लड़ाई में तुम्हारे साथ खड़ा है।
बता दें कि छात्र पुलिस गाड़ी में वीसी मुर्दाबाद, प्रॉक्टर मुर्दाबाद, पुलिस मुर्दाबाद के नारे लगाए। छात्रों ने आरोप लगाया कि विवि प्रशासन की सह पर पुलिस ने छात्रों का दमन किया। दो दर्जन से अधिक छात्रों को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। 5 छात्राएं भी शामिल है।

मेंबर ऑफ़ पार्लियामेंट रामजी गौतम ने भी जताया ट्वीट के माध्यम से विरोध – उन्होंने लिखा कि जिस तरह पुलिस ने बीबीएयू यूनिवर्सिटी में अपनी माँगों को लेकर धरना दे रहे दलित छात्र छात्राओं पर एक तरफा कार्यवाही की और उनको अज्ञात जगह जबरन ले गये, वही पीटने वाले सुरक्षा कर्मियों पर कोई कार्यवाही नहीं की गई। यह अतिनिन्दनीय दलित बच्चों का भविष्य खराब करने की बड़ी साजिश है।

उन्होंने आगे लिखा कि जब यूनिवर्सिटी का नाम बाबा साहेब के नाम से है तो वहाँ के वीसी ने अंबेडकर जयंती की परमिशन क्यों नहीं दी।अंबेडकर जयंती की माँग की गई तो प्राइवेट सुरक्षा कर्मियों से पिटवाया गया और उन पर ही FIR की गई। अपने मान सम्मान और न्याय को लेकर छात्र और छात्राएँ धरने पर बैठे तो उनको जबरन उठाकर हिरासत में लिया गया यह कहाँ का न्याय है इस प्रकरण का संज्ञान लेकर बच्चों को न्याय दिलायें।
उन्होंने आगे लिखा कि बीबीएयू के वीसी को जवाब तो देना होगा। आने वाले समय में संसद में भी गूंजेगा यह प्रकरण। क्या अंबेडकर जयंती मानना कोई अपराध है।और अंबेडकर जयंती मनाने की माँग क्या अपराध है।
यह था मामला:
बता दें कि बीते 17 अप्रैल को सुरक्षा कर्मियों ने वीसी आवास जा रहे छात्रों से मारपीट कर ली थी। उसके बाद से छात्रों ने विवि प्रशासन के खिलाफ प्रदर्शन शुरू कर दिया। छात्रों का आरोप है कि सुरक्षा एजेंसी के एरिया मैनेजर द्वारा 4 छात्रों व 25 अज्ञात छात्रों पर जानबूझकर फर्जी मुकदमा कराया गया है। छात्रों की मांग है कि उस मुकदमे को तत्काल वापस लिया जाय।







