उपभोक्ता परिषद ने किसानों के लिए फ्री बिजली के मामले में पावर कॉरपोरेशन द्वारा कुछ शर्तों व लिमिट में रहकर 100 प्रतिसत फ्री बिजली की छूट के आदेश पर पुनर्विचार करने की उठाई मांग कहा शर्तों के डर से तो नहीं आगे आ रहे किसान? इसका प्रचार प्रसार किया जाना भी जरूरी और शर्तें कठिन तो उसमें बरती जाए शिथिलता
लखनऊ 31 मई : उत्तर प्रदेश के 14 लाख 96 हजार निजी नलकूप यानी किसानों के लिए उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा लाई गई महत्वाकांक्षी फ्री विद्युत आपूर्ति योजना के संबंध में पावर कॉरपोरेशन की तरफ से 7 मार्च 2024 को कुछ शर्तों के साथ आदेश जारी किया गया जिसमें 1 अप्रैल 2023 से किसानो की बिजली फ्री का कार्यालय ज्ञात जारी हुआ है।
उपभोक्ता परिषद ने कहा कि बडे दुर्भाग्य की बात है कि किसानों की फ्री बिजली योजना का लाभ लेने वाले किसानों की संख्या बहुत ही कम है परिषद ने कहा कि उत्तर प्रदेश पावर कॉरपोरेशन की तरफ से जारी आदेश में कहा गया था की सभी किसानों को जो इस योजना का लाभ लेना चाहते हैं उन्हें 30 जून 2024 तक की निर्धारित समय सीमा में अपना पंजीकरण कराना होग। पावर कारपोरेशन ने अब स्वता मान लिया है की 16 मई 2024 तक केवल मात्र 50 हजार निजी नलकूप यानी किसानों ने इस योजना में पंजीकरण कराया है।

परिषद ने कहा कि अब सबसे बडा सवाल यह है कि जिस योजना का लाभ लेने के लिए प्रदेश के लगभग 15 लाख किसान इस योजना का इंतजार कर रहे थे वह इस योजना का लाभ लेने के लिए आगे क्यों नहीं आ रहे हैं इस पर गंभीरता से विचार करना होगा। इसका प्रचार प्रसार किया जाना भी जरूरी और शर्तें कठिन तो उसमें बरती जाए शिथिलता।
उत्तर प्रदेश राज्य विद्युत उपभोक्ता परिषद के अध्यक्ष व राज्य सलाहकार समिति के सदस्य अवधेश कुमार वर्मा ने कहा किसानों को फ्री बिजली दिए जाने के मामले में पावर कारपोरेशन ने कुछ शर्तों के साथ एक लिमिट निर्धारित की थी उसे लिमिट को पूरा करने पर ही किसानेा को फ्री बिजली का लाभ मिलेगा मुख्य शर्तो में सबसे पहले सभी किसानों को 31 मार्च 2023 तक के संपूर्ण बकाए का भुगतान करना होगा और बकाए के लिए पावर कारपोरेशन ने किस्तों की सुविधा के साथ अधिभार माफी योजना भी दी केवाईसी कराना होगा अनिवार्य रूप से सभी विद्युत कनेक्शन पर मीटर लगाना होगा और पावर कॉरपोरेशन द्वारा जारी आदेश में यह भी शर्त रखी गई 10 हॉर्स पावर तक के विद्युत कनेक्शन पर 1045 यूनिट की छूट रहेगी उसके ऊपर के विद्युत उपभोक्ताओं को केवल 10 हॉर्स पावर तक की यूनिट 1045 पर ही छूट मिलेगी उसके ऊपर कोई भी छूट नहीं प्राप्त होगी इसी प्रकार फिक्स चार्ज पर 10 किलो वाट तक 100 प्रतिसत छूट होगी उसके ऊपर 50 प्रतिसत इसी प्रकार बुंदेलखंड क्षेत्र में जो किसान है उन्हें 12.5 हॉर्स पावर तक के विद्युत कनेक्शन पर 140 यूनिट प्रति किलो वाट की छूट होगी उसके ऊपर के विद्युत उपभोक्ताओं को केवल 10 हॉर्स पावर तक की ही छूट मिलेगी उसके ऊपर कोई छूट नहीं होगी यानी कि 12.5 हॉर्स पावर का विद्युत कनेक्शन 9.32 किलोवाट का होगा और उसे पर 1300 यूनिट की छूट प्राप्त होगी ।
क्या या लिमिट सही है इस लिमिट व शर्त पर एक बार पावर कॉरपोरेशन व उत्तर प्रदेश सरकार को पुनः विचार करना चाहिए जिससे सरकार की इस महत्वाकांक्षी योजना का सत प्रतिशत लाभ प्रदेश के किसान ले पाए उपभोक्ता परिषद पहले ही या मांग उठ चुक है कि प्रदेश का किस मीटर रीडिंग देखकर अपने खेत की सिंचाई नहीं करता बल्कि वह आवश्यकता को देखकर अपने खेत की सिंचाई करता है।







