जांच के नाम पर एक वर्ष से विभाग में हो रही लीपा पोती
लखनऊ 3 मई : कौशाम्बी वन विभाग में मजदूरों की मजदूरी में बीते कई वर्षों से बड़ा खेल हो रहा है मजदूरों से काम कराए जाने के बाद उन्हें मजदूरी नहीं दी जाती में बंधुआ मजदूर बना लिया जाता है कई महीने काम करने के बाद 1 महीने की मजदूरी दे दी जाती है और पिछला बकाया रह जाता है बाद में पिछला मांगते हैं तो कहा जाता है कि अभी तो दिया था इस तरह मजदूरों के साथ वन विभाग में धोखाधड़ी हो रही है इसी तरह का एक मामला सामने आया है जिसकी शिकायत कई बार जिलाधिकारी कार्यालय में हो चुकी है लेकिन जांच बार-बार विभागीय अधिकारी को दे दी जाती है और विभागीय अधिकारी जांच में लीपा पोती करके फिर जिला अधिकारी को गुमराह कर देते हैं जिससे मजदूरों की मजदूरी कई महीने बाद नहीं मिल सकी है।
डीएम को दिए गए शिकायती प्रार्थना पत्र के मुताबिक धीरेंद्र सिंह पुत्र भानु सिंह निवासी सरसवा थाना महेवाघाट वन विभाग कार्यालय मंझनपुर रेंज में वाचर पद पर कार्यरत है वर्ष 2024 में 11 मजदूरों को वन विभाग में लगा करके राज कैथवाल रेंजर मंझनपुर के निर्देश पर विभाग में पौधरोपण कराया गया है जिनकी मजदूरी 67 हजार 200 बनी थी, लेकिन केवल 23 हजार रुपया मजदूरों को मजदूरी दी गई है। 39 हजार 200 अभी तक मजदूरों को मजदूरी नहीं दी गई है।
पौधों की निराई गुड़ाई में 10 हजार मजदूरी की रकम में अभी तक रेंजर ने कोई रकम नहीं दिया है। रेंजर के कहने पर दूसरे के नलकूप से सरकारी पौध की सिंचाई कराई गई है 5000 रुपए सिंचाई का पैसा रेंजर ने नहीं दिया है इसके साथ-साथ मेरे 6 महीने के वेतन का 35 हजार 820 में मुझे 11 हजार 900 दो महीने का वेतन दिया गया है 23 हजार 920 मेरा वेतन भी बकाया है वन विभाग मंझनपुर के रेंजर राज कैथवाल के ऊपर 78 हजार 120 मेरा बकाया निकल रहा है मजदूर मजदूरी मांगते हैं सिंचाई करने वाला सिंचाई मांगता है। निराई गुड़ाई करने वाले मजदूर अपनी मजदूरी की बकाया रकम मांगते हैं इसके अलावा भी तमाम मजदूर की रकम में अफसरो ने घोटाला हेरा फेरी किया है इसके पहले के वर्ष में भी मजदूरों की रकम में घोटाला हेरा फेरी हुई है।
धीरेंद्र का कहना है कि इन मजदूरों की बकाया मजदूरी की रकम को कहां से सरकारी रकम का भुगतान करूँ मजदूर परेशान कर रहे हैं मजदूरों की मजदूरी की रकम सरकारी खजाने से रेंजर राज कैथवाल ने निकाल लिया है और गबन घोटाला किया है 78 हजार 120 बकाया के मामले के उच्च स्तरीय जांच करते हुए सरकारी खजाने से रकम निकालकर गबन घोटाला करने वाले मंझनपुर रेंजर राज कैथवाल के कारनामे पर मुकदमा दर्ज कराए जाने मजदूरों की रकम में घोटाला करने वाले मंझनपुर रेंजर की गिरफ्तारी कराए जाने और मंझनपुर रेंजर को निलंबित करने घोटाला करने वाले रेंजर मंझनपुर राज कैथवाल के वेतन से मजदूरों की रकम की रिकवरी कराए जाने और मजदूरों की बकाया रकम दिलाए जाने की मांग की गई है।
पूर्व में 27 जनवरी 2025 और 27 फरवरी 2025 को जिलाधिकारी के कार्यालय में प्रार्थना पत्र दिया लेकिन अभी तक कोई कार्यवाही नहीं हुई बल्कि वन विभाग के कार्यालय बुला कर धीरेंद्र से गीता पढ़कर कसम खिलाई गई उसने कसम खाकर कहा कि मजदूरों का पैसा बकाया है उसके बाद भी मजदूरी की रकम नहीं मिली और शिकायती प्रार्थना पत्र को मनमानी तरीके से निस्तारित कर दिया गया है शिकायती प्रार्थना पत्र की फिर से जांच कराए जाने की मांग को लेकर धीरेंद्र जिला अधिकारी कार्यालय फिर पहुंचे हैं।
- वरिष्ठ पत्रकार व ब्यूरो प्रमुख अखंड भारत संदेश हिंदी दैनिक समाचार पत्र सुशील केसरवानी के द्वारा भेजी गयी खबर- 9838824938 , मंझनपुर कौशाम्बी







