लखनऊ, 22 मई: उत्तर प्रदेश के झांसी जिले में 21 मई 2025 की रात आए तेज तूफान और आंधी के कारण बामौर वन रेंज के सिंगार गांव में 100 से अधिक तोतों की दुखद मृत्यु हो गई, जबकि 50 से ज्यादा तोते घायल हो गए। यह तूफान इतना भीषण था कि पेड़ उखड़ गए और कई तोते या तो पेड़ों से गिरकर मर गए या उड़ान भरने में असमर्थ होकर दुर्घटनाग्रस्त हो गए। सुबह जब ग्रामीणों ने गांव के तालाब के पास और मंदिर के आसपास मृत और घायल तोतों को बिखरे हुए देखा, तो इलाके में हड़कंप मच गया।
ग्रामीणों ने तुरंत वन विभाग को सूचना दी, जिसके बाद वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची। मृत तोतों को एकत्र किया गया और उनका पोस्टमॉर्टम कर अंतिम संस्कार की प्रक्रिया शुरू की गई। घायल तोतों को बामौर के पशु स्वास्थ्य केंद्र में इलाज के लिए भेजा गया। वन रेंजर अवधेश सिंह बुंदेला ने बताया कि तेज हवाओं और बारिश के कारण यह हादसा हुआ, और विभाग द्वारा आसपास के क्षेत्रों में अन्य घायल या मृत पक्षियों की खोज की जा रही है।
इस घटना ने स्थानीय जैव विविधता पर भी चिंता जताई है, क्योंकि तोते इकोसिस्टम में बीज फैलाने जैसे महत्वपूर्ण कार्य करते हैं। इस तरह की घटना से वनस्पति विकास और प्राकृतिक संतुलन पर असर पड़ सकता है। स्थानीय लोग इस हादसे से स्तब्ध हैं और सोशल मीडिया पर इसकी तस्वीरें और वीडियो वायरल हो रहे हैं।







