अगर आपको सूर्य नमस्कार से समस्या है तो आप चंद्र नमस्कार कर सकते हैं
गुवाहाटी,20 अप्रैल। उपराष्ट्रपति एम. वेंकैया नायडू ने लोगों से प्राचीन व्यायाम पद्धति योग पर खड़े किए जा रहे विवादों से बचने की अनुरोध करते हुए कहा कि योग दुनिया में सबसे खूबसूरत कसरत है और इसका धर्म से कोई लेना-देना नहीं है। असम सरकार की नई स्वास्थ्य योजना अटल अमृत अभियान के शुभारंभ के अवसर पर नायडू ने कहा कि सूर्य प्रकृति है, इस तथ्य के बावजूद कुछ लोग सूर्य नमस्कार पर आपत्ति करते हैं। अगर आपको सूर्य नमस्कार से समस्या है तो आप चंद्र नमस्कार कर सकते हैं। सूर्य हमें प्रकाश देता है, इसका किसी धर्म से कोई लेना देना नहीं है।
उन्होंने कहा, योग मस्तिक और शरीर का मेल कराता है। यही वजह है कि पूरी दुनिया भारत की ओर देख रही है। इस बात को दिमाग में रखें कि कुछ लोग अनावश्यक विवाद पैदा कर रहे हैं। आधुनिक जीवनशैली की आलोचना करते हुए उन्होंने कहा कि पहले स्कूलों में शारीरिक प्रशिक्षण अनिवार्य था। दुर्भाग्यवश अब छात्र सुबह से लेकर शाम तक पढ़ाई करते हैं। उनका बोझ कम होना चाहिए। मैं खुश हूं कि प्रकाश जावडे़कर ने हमें बोझ कम करने का आश्वासन दिया है। शारीरिक कसरत भी स्कूल कार्यक्रम में शामिल होनी चाहिए।
नायडू ने जोर दिया कि फिट, सक्रिय और स्फूर्त रहने के लिए कसरत की जरूरत है। वास्तव में आप अपने शरीर की खातिर कसरत करते हैं, न कि भगवान की खातिर और न ही बाबा रामदेव या नरेन्द्र भाई मोदी की खातिर।







