- निजी शैक्षणिक संस्थाओं ने हरसंभव मदद के लिए किया आश्वस्त
- 10 फरवरी और 10 अगस्त को मनाया जाता है कृमिमुक्ति दिवस
लखनऊ, 17 जुलाई 2018: बच्चों के पेट से कीड़े खत्म करने यानि कृमिमुक्ति के लिए निशातगंज स्थित शिक्षा निदेशालय में मंगलवार को बैठक हुई । बैठक के दौरान हर वर्ष की तरह इस बार भी 10 अगस्त को मनाये जाने वाले कृमिमुक्ति दिवस को प्रदेश में सफल बनाने पर विस्तारपूर्वक चर्चा हुई।
बैठक में राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के जीएम आरकेएसके और आरबीएसके डॉक्टर हरिओम दीक्षित ने बताया कि स्वास्थ्य विभाग का उद्देश्य साफ है। खासतौर पर बच्चों को स्वस्थ रखने के लिए हर वर्ष बच्चों का स्वास्थ्य परीक्षण कर किया जा रहा है। इसी क्रम में हर वर्ष की तरह 10 फरवरी और 10 अगस्त को कृमिमुक्ति दिवस मनाया जाता है।
उन्होंने शिक्षा विभाग और सभी शैक्षणिक संस्थानों को 10 अगस्त को आयोजित होने इस महाभियान को सफल बनाने में मदद की अपील की। उन्होंने बताया कि यदि कृमि की दवा कोई प्रतिकूल लक्षण वैसे तो कृमिमुक्ति दिवस पर स्वास्थ्य विभाग की टीम पूरी तरह सतर्क रहती है। फिर भी कोई आवश्यकता पड़ने पर एम्बुलेंस 108 की मदद ली जा सकती है. वहीं बेसिक शिक्षा के निदेशक सर्वेंद्र बहादुर सिंह और उप निदेशक ललिता प्रदीप ने आश्वस्त किया कि सभी की सहभागिता जरूर रहेगी।
बैठक में यह भी तय किया गया कि सभी जिलों के संबंधित अधिकारियों को पत्र भेजा जा रहा है। ताकि पूरा अभियान सफल हो सके। एक्शन एविडेंस संस्था की पहल पर आयोजित इस बैठक में प्राइवेट स्कूल एसोसिएशन की डॉक्टर फरजाना शकील समेत राजधानी के कई निजी स्कूलों के प्रतिनिधि उपस्थित रहे।







