अगर आप घुटनों में दर्द और चिकनाई खत्म होने की समस्या से परेशान हैं तो आयुर्वेदिक उपचार से राहत पा सकते हैं। आयुर्वेद के प्रमुख ग्रंथ माधवनिदान के अनुसार घुटने के जोड़ों में स्थित विकृत-वायु उन्हें नष्ट कर देती है। उनमें दर्द एवं सूजन को पैदा करता है। यहां तक कि अगर डॉक्टर ने आपके घुटनों को बदलने के लिए कह दिया है तो उससे पहले आयुर्वेदिक यह लेप लगाएं।
इन बातों का रखें ध्यान :
शहद एक चम्मच, दालचीनी पाउडर एक चम्मच, खाने वाला चूना आधा चम्मच लें और पेस्ट बना लें। इस पेस्ट को दर्द वाले स्थान पर लगाकर रुई से बैंडेज कर दें और आठ-दस घंटों तक रहने दें।
ये है घुटनों के दर्द की वजह:
डॉ. अनुराग विजयवर्गीय एमडी आयुर्वेद के अनुसार ठंडे भोजन का निरंतर सेवन, रात को जागने की आदत, चिंता, वजन, कब्ज रहना, कैल्शियम की कमी, फास्ट फूड और रिफाइंड में तली चीजों का सेवन इसके कारण हैं।
उपचार :
चंद्रप्रभा या त्रिफला का काढ़ा चंद्रप्रभा वटी-दो दो गोलियां दिन में तीन बार, महायोगराज गूगल दो-दो गोलियां, अनुपान के अनुरूप त्रिफला का काढ़ा लें। बाह्य प्रयोग के लिए महानारायण तेल, महामाष तेल, प्रसारणी तेल की मालिश करें।







