भारत के सोने-हीरे के बाज़ार में छिड़ी ‘याददाश्त की जंग’
नई दिल्ली: देश की ज्वेलरी इंडस्ट्री में आज सबसे हॉट ख़बर ये है कि अब सोना-चाँदी से ज़्यादा कीमती आपकी ‘याददाश्त’ हो गई है।सबसे बड़े ज्वेलरी ग्रुप ने आज आधिकारिक तौर पर ऐलान किया:
“हमने अपने 92 स्टोर्स और 35 लाख से ज़्यादा ग्राहकों का पूरा डेटा एक ही प्लेटफॉर्म पर जोड़ दिया है। अब कोई ग्राहक Instagram पर कुछ लाइक करे, WhatsApp पर रेट पूछे या वेबसाइट पर ब्राउज़ करे – शोरूम में पहुँचते ही सेल्स टीम को उसकी पूरी हिस्ट्री दिखेगी।”

उधर, हैदराबाद की AI कंपनी Zithara Technologies ने अपना नया ‘कस्टमर DNA’ फीचर लॉन्च किया, जो ग्राहक के त्योहारों से आगे जाकर परिवार के हर ख़ास मौके को ट्रैक करता है और अपने आप परफेक्ट ऑफर भेज देता है। इंडस्ट्री सूत्रों के मुताबिक, जो ब्रांड्स ये नई टेक्नोलॉजी अपना रहे हैं,
उनकी: रिपीट खरीदारी 3 गुना तक बढ़ गई
- कस्टमर लाइफ़टाइम वैल्यू में 60% का इज़ाफ़ा
- सोए हुए ग्राहक फिर से एक्टिव हो रहे हैं
मैकिन्से की ताज़ा रिपोर्ट के अनुसार, पुराने तरीके से चल रहे ज्वैलर्स हर साल 4-10% मार्जिन सिर्फ़ इसलिए गँवा रहे हैं क्योंकि उन्हें अपने ही ग्राहक की पिछली पसंद याद नहीं रहती।एक प्रमुख ज्वेलरी चेन के सीईओ ने कहा,
“2025 के बाद दो तरह के ज्वैलर बचेंगे – एक जो ग्राहक को याद रखते हैं,
और दूसरे जो बाज़ार से याद कर दिए जाएँगे।”तो अगली बार जब कोई ज्वैलर बिना पूछे आपकी पत्नी का फेवरेट डिज़ाइन या आपकी बेटी की आने वाली बर्थडे डेट बता दे,
तो समझ जाइए – आपके सामने खड़ा शख्स अब सिर्फ़ सेल्समैन नहीं, आपका डिजिटल दोस्त बन चुका है।
ख़बर यही है: सोना अब भी चमक रहा है, लेकिन सबसे ज़्यादा चमक अब ‘याददाश्त’ की है।







