अयोध्या में निषाद पार्टी की समीक्षा बैठक, आरक्षण पर जोर
लखनऊ/अयोध्या: सोमवार को अयोध्या के सर्किट हाउस सभागार में निषाद पार्टी की समीक्षा बैठक हुई। राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं कैबिनेट मंत्री डॉ. संजय कुमार निषाद ने पूर्व सांसद वीरांगना फूलन देवी की जयंती पर कहा कि उनकी हत्या की सीबीआई जांच होनी चाहिए, ताकि सच्चाई सामने आ सके। निषाद पार्टी उनके आदर्शों पर चलती है।
विधानसभा चुनाव की तैयारियां
डॉ. निषाद ने बताया कि पार्टी निषाद बाहुल्य जनपदों में समीक्षा बैठकें कर आगामी विधानसभा चुनाव की तैयारियां देख रही है। निषाद बाहुल्य बूथों पर पार्टी के एजेंट बैठाने की व्यवस्था की जा रही है।
आलोचकों को जवाब
कुछ लोगों द्वारा 10 वर्षों का हिसाब मांगे जाने पर उन्होंने कहा कि निषाद पार्टी का गठन 2016 में हुआ। 2017 में अकेले चुनाव लड़ा, 2018 में सपा के साथ गोरखपुर उपचुनाव जीता, 2019 में भाजपा के साथ संतकबीरनगर से जीत दर्ज की और 2022 में सरकार में शामिल हुई। जो लोग 70 वर्षों से अलग-अलग दलों में सत्ता का हिस्सा रहे, उन्होंने निषाद समाज की आवाज क्यों नहीं उठाई?
आरक्षण की मांग पर अडिग
डॉ. निषाद ने स्पष्ट किया कि पार्टी निषाद समाज के आरक्षण की मांग पर कायम है। “आरक्षण दे दो, बेशक मंत्री पद ले लो। हम सत्ता की भूखी पार्टी नहीं हैं। गठबंधन में रहते हुए भी समाज के मुद्दों की दमदार पैरवी करते हैं।”







