सोनी सब का शो ‘वागले की दुनिया- नई पीढ़ी, नए किस्से’ का शो अपनी शानदार कहानियों से दर्शकों को खुद से जोड़े रखता है। शो ने 80 के दशक और आज के आम आदमी के बीच के अंतर को भरने के लिए कदम उठाया है और यह एक बार फिर हमें यादों के गलियारे में लेकर जाता है। ओरिजिनल वागले सीरीज़ के सितारों अंजन श्रीवास्तव और भारती आचरेकर के अलावा, इस शो में सुमीत राघवन जूनियर वागले (राजेश) के रूप में नज़र आ रहे हैं, जो आज के दौर के आम आदमी की जिंदगी को दर्शा रहे हैं।
जैसे-जैसे यह कहानी आगे बढ़ रही है वैसे-वैसे वागले परिवार पैसे की कमी के कारण मुश्किल और तनावपूर्ण स्थिति का सामना करने के लिए तैयार हो रहा है, क्योंकि राजेश वागले (सुमीत राघवन) ने अपनी नौकरी खो दी है। जबकि एक तरफ राजेश की नौकरी खतरे में हैं, तो वहीं दूसरी तरफ उसकी बेटी सखी(चिनमयी साल्वी) ने अपने दोस्तों के साथ एक हाईकिंग ट्रिप पर जाने की योजना बनाई है जिसके लिए वह बहुत ज़्यादा उत्साहित है।
बिजली का बिल बढ़ने और रोज़मर्रा के खर्चों के लिए पैसों की ज़रूरत की वजह से राजेश और पूरा परिवार बहुत ही ज़्यादा परेशान है जिसकी वजह से वह अपना गुस्सा सखी पर उतार देता है। वंदना (परिवा प्रणति) इस स्थिति को संभालने की पूरी कोशिश करती है, लेकिन सखी विद्रोह करती है, और इससे हालात और पेचीदा हो जाते हैं।
राजेश वागले की भूमिका निभा रहे, सुमीत राघवन ने कहा, “राजेश वागले की भूमिका निभाना और वागले की दुनिया जैसे शानदार शो का हिस्सा बनना निश्चित रूप से मेरे लिए एक बहुत अच्छा अनुभव है। आगामी कहानी में, राजेश वास्तव में बहुत ज़्यादा परेशान है क्योंकि वह एक ऐसी बड़ी समस्या से गुज़र रहा है जो आम आदमी अपनी रोज़मर्रा की ज़िंदगी में झेलता है और वो है पैसों की कमी। आगे परेशानियां तब और अधिक बढ़ जाती हैं जब उसे ये पता चलता है कि उसकी नौकरी खतरे में है। हमारे दर्शक आगामी एपिसोड से खुद को जोड़ पाएंगे क्योंकि यह एक ऐसी चीज़ है जिसका सामना हम सब अपनी ज़िंदगी में किसी न किसी मोड़ पर जरूर करते हैं।”
सखी की भूमिका निभा रहीं चिनमयी साल्वी ने कहा, “मैं सखी के किरदार को निभाने और खासकर इस तरह के प्रतिष्ठित शो का हिस्सा बनने का पूरा आनंद ले रही हूं । हालांकि वह थोड़ी ज़्यादा ज़िद्दी है, लेकिन वह अपने संस्कार और अपने परिवार के महत्व को कभी नहीं भूलती। क्योंकि साक्षी आज की पीढ़ी की बच्ची है, इसलिए उसकी मांग पुरानी पीढ़ी के बच्चों से कहीं अधिक है और इस समय जब उसका परिवार आर्थिक संकट से जूझ रहा है, तो निश्चित रूप से और तनाव होने वाला है।”







