71 साल बाद रच दिया गोल्डन इतिहास

0
163

टीम इंडिया ने ऑस्ट्रेलिया को टेस्ट मैचों में हराकर जो ऐतिहासिक जीत दर्ज की है उस पर हर भारतीय को गर्व होना ही चाहिए। वैसे कई यह क्षण अविस्मरणीय है। इस जीत को भारतीय प्रशंसक और खेल प्रेमी लंबे वक्त तक अपने जेहन में संजो कर रखेंगे।

71 साल बाद भारतीय टीम ने उस टीम को उसी के घर में टेस्ट सीरीज में 2-1 से करारी शिकस्त दी है, जो वर्षो तक विश्व क्रि केट में राज करती रही। 1947-48 में भारतीय क्रि केट टीम ऑस्ट्रेलिया में सबसे पहले टेस्ट सीरीज खेलने पहुंची थी। इस सीरीज में भारत को 4-0 से मुंह की खानी पड़ी थी। इसके बाद कुल 11 टेस्ट श्रृंखला में एक बार भी मेहमान भारतीय टीम सीरीज नहीं जीत सकी। 11 में आठ बार भारत ने सीरीज गंवाई तो तीन ड्रा रहे। 12 वें दौरे में कप्तान विराट कोहली एंड कंपनी ने देशवासियों को गौरवान्वित होने का मौका दिया। जीत के बाद खुद कप्तान ने अपनी टीम के बारे में ‘‘विराट’ बातें कही और इसे गर्वीला अनुभव करार दिया।

नि:संदेह यह इतिहास बदलने वाली श्रृंखला है। इसने कई मायनों में भारतीय टीम को वह दरजा और मुकाम दिलाया, जिसकी वह हकदार थी। न केवल बल्ले से भारतीय खिलाड़ियों ने कहर ढाया, वरन गेंदबाजी भी अव्वल दरजे की थी। कइयों का तो मानना है कि इससे बेहतर गेंदबाजी आक्रमण पहले की टीम में नहीं देखा गया।

बल्लेबाजों में टीम की नई ‘‘दीवार’ चेतेश्वर पुजारा का तो हर कोई कायल है। सिर्फ इनके होने से टीम की ताकत कई गुना बढ़ गई। वहीं सीरीज के तीसरे मैच में पदार्पण करने वाले युवा मयंक अग्रवाल और हनुमा विहारी ने ओपनिंग जोड़ी के तौर पर भरोसेमंद प्रदर्शन से भारतीय प्रबंधन की सिरदर्दी को भी खत्म कर दिया है। कहा जा सकता है कि ‘‘विराट’ माला में पुजारा, मयंक, पंत और बुमराह नगीने की तरह हैं। पूरी श्रृंखला का आकलन किया जाए तो ऑस्ट्रेलिया की जमीं पर भारतीय टीम ने एकतरफा खेल खेला। कहीं से भी ये नहीं लगा कि भारतीय टीम विदेशी पिच पर खेलने आई है।

हां, इस एतिहासिक जीत के बाद भारतीय टीम से उम्मीदें भी काफी होंगी। लिहाजा उसे आने वाले मैचों को लेकर वैसी ही चुस्ती और रणनीति बरकरार रखनी होगी, जिसकी बदौलत उसने इतिहास रचा है। कुछ दिनों बाद ऑस्ट्रेलिया और न्यूजीलैंड के खिलाफवन डे और टी-20 मैच शुरू होंगे। इन मैचों के प्रदर्शन को भी देखना दिलचस्प होगा। फिर विश्व कप के मैच दक्षिण अफ्रीका में होंगे।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here