नई दिल्ली, 31 अगस्त 2018: जकार्ता के राष्ट्रमंडल खेलों में चार भारतीय महिलाओं ने 4 गुणा 400 मीटर रिले दौड़ में बेहतरीन प्रदर्शन करते हुए गोल्ड इंडिया की झोली के लिए झटक लिए, इस चार उड़नपरियों ने अस्सी के दशक में पीटी ऊषा, शाइनी विल्सन, वंदना राव व एमडी वालसम्मा की याद दिला दी। इस चौकड़ी ने 1986 सियोल एशियाई खेल में 3:34.58 नए गेम रिकार्ड के साथ स्वर्ण पदक जीता था।
जकार्ता में हिमा दास, पूवम्मा राजू, सरिताबेन गायकवाड़ और विसमाया वेलुवाकोरोथ की जोड़ी ने तीन मिनट 28.72 सेकेंड का समय निकाल भारत की झोली में दिन का दूसरा स्वर्ण पदक डाला। यह एथलेटिक्स में इस एशियाई खेलों का भारत का नौवां और कुल 13वां स्वर्ण है।
भारतीय टीम ने इस इवेंट में एकतरफा जीत हासिल की। दूसरे और तीसरे स्थान पर रहने वाली टीमें भारतीय टीम की धावकों से काफी पीछे रहीं। शुरुआत असोम की 18 साल की हिमा दास ने की वह बहुत तेजी से आगे निकलीं और उन्हीं के कारण भारत को बढ़त मिली जिसे बाकी तीन धावकों ने बनाए रखते हुए भारत की झोली में एक और स्वर्ण पदक डाला।
रजत बहरीन और कांस्य वियतनाम ने जीता। भारतीय टीम गेम रिकार्ड से .05 सेकेंड से चूक गई। गेम रिकार्ड तीन मिनट 28.68 सेकेंड का है।







