लखनऊ, 02 फरवरी। मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना अंतर्गत गरीब कन्या, विधवा, परित्यकता का सामूहिक विवाह/निकाह का आयोजन प्रत्येक विकासखण्ड में फरवरी तथा मार्च 2018 में आयोजित किया जायेगा। सामूहिक विवाह कें अंतर्गत सीधी जिले के 800 जोड़े लाभान्वित होंगे। यह जानकारी आज कलेक्टर दिलीप कुमार ने पत्तरकार वार्ता में दी है।
कन्या के दाम्पत्य जीवन की खुशहाली:
कलेक्टर दिलीप कुमार ने बताया कि सामूहिक विवाह आयोजन में कुल 25000 रूपये एक जोड़ा में व्यय किए जाने का प्रावधान है जिसमें कन्या के दाम्पत्य जीवन की खुशहाली एवं गृहस्थी की स्थापना के लिए 17000 रूपये अकांउट पे या चेक के माध्यम से सामहिक विवाह कार्यक्रम में उपलब्ध कराई जायेगी, विवाह संस्कार के लिए आवश्यक सामग्री कपड़े,बिछिया, पायजेब(चॉदी के) तथा 07 नग स्टील के बर्तन 5000 रूपये के अंदर प्रदाय किया जायेगा तथा सामूहिक विवाह कार्यक्रम आयोजित करने के लिए ग्रामीण/शहरी निकाय को व्यय की प्रतिपूर्ति के लिए 3000 रूपये व्यय किया जा सकेगा। इसके अतिरिक्त स्मार्ट फोन के लिए कन्या को 3000 रूपये की अतिरिक्त राशि चेक अथवा आर.टी.जी.एस. के माध्यम से उपलब्ध कराई जायेगी।
नि:शक्त विवाह प्रोत्साहन योजना का भी मिलेगा लाभ- नि:शक्त विवाह प्रोत्साहन योजना के नवीन संशाधनों के आधार पर यदि दाम्पत्य में से एक नि:शक्त तथा एक सामान्य है तो ऐसे विवाह को प्रोत्साहित करने के लिए रूपये 02.00 लाख प्रोत्साहन राशि दी जावेगी तथा यह राशि तभी देय होगी जब विवाह सक्षम अधिकारी के यहां पंजीकृत हो और उसके द्वारा विवाह प्रमाणपत्र जारी किया गया हो, अन्यथा राशि देय नहीं होगी तथा युवक एवं युवती दोनों के नि:शक्त होने पर संयुक्त रूप से दाम्पत्य को रूपये 01.00 लाख सहायता राशि दी जावेगी।
कलेक्टर श्री कुमार ने समस्त मुख्य कार्यपालन अधिकारी जनपद पंचायत का निर्देशित किया है कि वे अपने जनपद पंचायत के लिए पृथक से दिनॉक घोषित कर प्रचार -प्रसार कर निर्धारित लक्ष्य के अनुसार सामूहिक विवाह कराना सुनिश्चित करें । श्री कुमार ने निर्देश दिए है कि संबंधित जनपद पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी की प्रथम जिम्मेदारी रहेगी कि नि:शक्त हिग्राहियों के आवेदन पूर्णरूपेण समस्त अभिलेखों के सहित आवेदपूर्ति पश्चात 07 दिवस के भीतर उपसंचालक, सामाजिक न्याय सीधी के कार्यालय में प्रस्तुत करना सुनिश्चित करेंगें विलम्ब की स्थिति में पूर्णरूपेण जिम्मेदारी संबंधी जनपद पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी की होगी।







