लखनऊ स्नातक एमएलसी सीट पर सपा की कांति सिंह ने भाजपा को 17,127 मतों से हराया, निर्दलीय प्रत्याशी स्मिता मिश्रा के प्रदर्शन की भी चर्चा
लखनऊ, 29 अक्टूबर। उत्तर प्रदेश विधान परिषद की लखनऊ खंड स्नातक सीट के नतीजे सामने आने के बाद ज्योतिषाचार्य आचार्य इंदु प्रकाश मिश्रा की पत्नी स्मिता मिश्रा की हार भी चर्चा में है। निर्दलीय प्रत्याशी के रूप में चुनाव लड़ रहीं स्मिता मिश्रा को मीडिया रिपोर्टों के मुताबिक 300 से कम वोट मिले। वहीं, इस सीट पर समाजवादी पार्टी की कांति सिंह ने भाजपा प्रत्याशी इंजीनियर अवनीश कुमार सिंह को 17,127 मतों से हराकर जीत दर्ज की।
कांग्रेस से टिकट नहीं मिला तो निर्दलीय उतरीं
मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, स्मिता मिश्रा 28 सितंबर 2026 को कांग्रेस में शामिल हुई थीं। उन्हें पार्टी से एमएलसी चुनाव का टिकट नहीं मिला, जिसके बाद उन्होंने निर्दलीय प्रत्याशी के तौर पर चुनाव लड़ने का फैसला किया। हालांकि, उनके टिकट न मिलने के पीछे बताए जा रहे कारणों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।
कांति सिंह ने भाजपा से छीनी सीट
लखनऊ खंड स्नातक सीट पर कांति सिंह को कुल 56,905 वोट मिले, जबकि भाजपा के अवनीश कुमार सिंह को 39,778 मत प्राप्त हुए। इस तरह सपा प्रत्याशी ने 17,127 वोटों के अंतर से जीत दर्ज की। इस परिणाम के साथ कांति सिंह ने छह साल बाद यह सीट भाजपा से वापस हासिल की।
चुनाव प्रक्रिया पर स्मिता ने उठाए सवाल
रिपोर्टों के मुताबिक, स्मिता मिश्रा ने मतगणना प्रक्रिया पर सवाल उठाते हुए कुछ मतपेटियों में दर्ज विवरण और मिले मतपत्रों की संख्या में अंतर होने का आरोप लगाया। हालांकि, इन आरोपों की आधिकारिक पुष्टि उपलब्ध रिपोर्टों में नहीं हुई है। इसलिए इन्हें प्रमाणित गड़बड़ी के बजाय प्रत्याशी के आरोप के रूप में ही देखा जाना चाहिए।
ज्योतिषाचार्य इंदु प्रकाश मिश्रा की पत्नी के चुनाव हारने को लेकर सोशल मीडिया पर भी चर्चा हो रही है। हालांकि, इस चुनाव में उनकी जीत को लेकर ज्योतिषाचार्य ने कोई भविष्यवाणी की थी, इसका विश्वसनीय प्रमाण सामने नहीं आया है।







