एक दीवाने की दीवानियत’ रिलीज़ से पहले ही म्यूज़िकल सनसनी बन चुकी है। मिलाप मिलन ज़वेरी के निर्देशन में बनी इस रोमांटिक ड्रामा ने चार बैक-टू-बैक हिट गाने देकर तहलका मचा दिया है, जो बॉलीवुड में रिलीज़ से पहले दुर्लभ है। इस शानदार सफलता के केंद्र में हैं अंशुल गर्ग, जो अपनी कंपनी देसी मूवीज़ फ़ैक्टरी के बैनर तले बतौर प्रोड्यूसर डेब्यू कर रहे हैं।
अंशुल गर्ग: म्यूज़िक से सिनेमा तक का सफर
अंशुल गर्ग देसी म्यूजिक फैक्ट्री (DMF) और प्ले DMF के संस्थापक हैं, जिन्होंने स्वतंत्र संगीत जगत में क्रांति ला दी। उनकी मेलोडी की समझ और टैलेंट को पहचानने की कला ने उन्हें कई सुपरहिट पॉप गाने दिए। अब सिनेमा में कदम रखते हुए, अंशुल ने ‘एक दीवाने की दीवानियत’ के ज़रिए साबित कर दिया कि वे कहानी और संगीत के जादू को बड़े पर्दे पर भी उतार सकते हैं।

म्यूज़िकल ब्लॉकबस्टर की शुरुआत
फिल्म का साउंडट्रैक टाइटल ट्रैक “दीवानियत” से शुरू हुआ, जिसे विशाल मिश्रा ने गाया। इसकी मधुर धुन और भावपूर्ण बोलों ने दर्शकों को दीवाना बना दिया। दूसरा गाना “बोल कफ्फारा क्या होगा” (नेहा कक्कड़ और फरहान साबरी) टूटे दिल की गहराई को बयां करता है। रेमो डिसूजा की कोरियोग्राफी और हर्षवर्धन राणे-सोनम बाजवा की केमिस्ट्री ने इसे और खास बनाया। तीसरा गाना “मेरा हुआ” (अंकुर आर. पाठक) प्यार की कोमलता को दर्शाता है।
अब चौथा गाना “दिल दिल दिल” 20 अक्टूबर को रिलीज़ होने वाला है। सुनिधि चौहान और संदीप जहान की आवाज़ में, अनु मलिक के संगीत और सिद्धांत कौशल के बोलों के साथ यह गाना जोश और रोमांस का तड़का लाने को तैयार है।
संगीत और सिनेमा का अनोखा संगम
अंशुल गर्ग और को-प्रोड्यूसर राघव शर्मा ने इस फिल्म में हर्षवर्धन राणे और सोनम बाजवा को लेकर एक ऐसी कहानी बुनी है, जो संगीत के ज़रिए दिलों को छू रही है। यह फिल्म उस पुराने बॉलीवुड दौर की याद दिलाती है, जब संगीत कहानी का दिल हुआ करता था।
सपनों का डेब्यू
अंशुल के लिए यह फिल्म सिर्फ एक प्रोजेक्ट नहीं, बल्कि उनकी रचनात्मकता का अगला पड़ाव है। DMF के ज़रिए उन्होंने स्वतंत्र संगीत को नई ऊँचाइयाँ दीं, और अब ‘एक दीवाने की दीवानियत’ के साथ वे सिनेमा में भी वही जादू दोहरा रहे हैं। दिवाली पर धमाल
21 अक्टूबर 2025 को रिलीज़ होने वाली यह फिल्म साल की सबसे चर्चित रोमांटिक फिल्मों में शुमार है।






