उदयपुर: अचानक सीने में दर्द, ड्यूटी पर जाते वक्त थानाधिकारी का निधन”
उदयपुर। अंबामाता थाना प्रभारी दलपत सिंह राठौड़ (50) बुधवार सुबह ड्यूटी के लिए घर से निकले ही थे कि अचानक सीने में तेज दर्द और बेचैनी हुई। बेटे को बुलाकर उन्होंने हाथीपोल थानाधिकारी राजू देवी को फोन किया। तुरंत उन्हें एमबी अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने सीपीआर सहित हर संभव प्रयास किया, लेकिन उन्हें बचाया नहीं जा सका।
पुलिस महकमे में शोक की लहर, परिवार बेहाल
राठौड़ के निधन की खबर फैलते ही अस्पताल में पुलिस अधिकारियों की भीड़ जुट गई। पूरे उदयपुर पुलिस में स्तब्धता छा गई। एक कर्मठ, संवेदनशील और मिलनसार अधिकारी के रूप में जाने जाते दलपत सिंह परिवार में पत्नी और दो बेटों—24 वर्षीय मयंक राज सिंह तथा 22 वर्षीय पुष्पेंद्र सिंह को छोड़ गए।
अधूरे सपने और योजनाएं
सावन के महीने में उन्होंने साथियों से थाने में प्रसादी बांटने की बात कही थी। हाल ही में शोभागपुरा में नया मकान बनवाया था और एक महीने बाद गृह प्रवेश की तैयारी चल रही थी। 14 अगस्त को उनका जन्मदिन था, जिसे पुलिसकर्मी उत्साह से मनाने वाले थे। लेकिन नियति ने सब कुछ अधूरा छोड़ दिया।
27 साल की समर्पित सेवा
दलपत सिंह राठौड़ मूल रूप से भीलवाड़ा के रहने वाले थे। वर्ष 1999 में पुलिस सेवा में शामिल हुए। उदयपुर, चित्तौड़गढ़ और भीलवाड़ा जिलों के विभिन्न थानों में काम किया। उदयपुर में सवीना, सुखेर, खेरवाड़ा और पिछले छह महीनों से अंबामाता थाने में थानाधिकारी के पद पर तैनात थे। उनकी ईमानदार कार्यशैली और सहज स्वभाव के कारण वे विभाग में बेहद लोकप्रिय और सम्मानित थे।उदयपुर पुलिस ने खोया एक जिम्मेदार अफसर, परिवार ने अपना सहारा।







