छात्रों ने सौंपा ज्ञापन: जल्द से जल्द समाधान करने की मांग
लखनऊ, 03 जनवरी 2019: बाबासाहेब भीमराव अंबेडकर विश्वविद्यालय लखनऊ के उद्यान विज्ञान विभाग में पीएचडी प्रवेश प्रक्रिया पाँच महीनों से लम्बित है सूत्रों के अनुसार योग्य छात्रों के होने के बावजूद प्रवेश प्रक्रिया अभी तक नहीं शुरू हो पायी है जिससे छात्र परेशान हैं इस मामले में कोई प्रगति न होते देख छात्रों ने कुलपति को एक ज्ञापन सौंपा है।
बताया जाता है कि बीबीएयू के लखनऊ सत्र 2018-19 प्रवेश विवरण पत्रिका (प्रॉस्पेक्टस) में उद्यान विज्ञान विभाग में पीएचडी की संभावित सात सीटें (एससी, एसटी-4, और जर्नल-3 ) दर्शायी गयीं थीं, यूजीसी के पुराने पीएचडी नियमावली के अनुसार पीएचडी प्रवेश परीक्षा में 50 प्रतिशत अंक प्राप्त करने वाले छात्रों को साक्षात्कार के लिए बुलाया जाएगा, लेकिन सत्र 2018-19 के उद्यान विभाग पीएचडी प्रवेश परीक्षा में सिर्फ एक ही छात्र ने 50 प्रतिशत अंक प्राप्त किया, 50 प्रतिशत अंक प्राप्त करने वाले छात्र को साक्षात्कार में बुलाकर जुलाई के अंतिम सप्ताह में पीएचडी के एक सीट में प्रवेश हो गया, बाकी पीएचडी की 6 सीटे रिक्त हो गयी क्योकि पीएचडी प्रवेश परीक्षा में अन्य परीक्षार्थियों के 50 प्रतिशत से कम अंक आये थे।
गौरतलब हो कि यूजीसी के पुराने नियमावली में 50 प्रतिशत वाला नियम लागू होने से देश की सभी विश्व विद्यालय में एससी- एसटीऔर ओबीसी वर्गों के पीएचडी सीटे रिक्त हो रहीं थी जिससे एससी- एसटी और ओबीसी के छात्र उच्च शिक्षा से वंचित हो रहे थे।
देश के सभी विश्वविद्यालय में एससी- एसटी और ओबीसी वर्ग के पीएचडी के रिक्त सीटों को संज्ञान लेकर विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (यूजीसी) के भारतीय गजट अधिनियम ,1956 की संख्या 3 की धारा 26 की उपधारा 1 के अनुच्छेद एफ एवम जी के तहत 27 अगस्त 2018 द्वारा देश के सभी विवि को निर्देशित किया गया कि एससी- एसटी और ओबीसी वर्ग के उम्मीदवार के लिए अंको में 5 प्रतिशत की छूट के साथ 50 प्रतिशत के स्थान पर 45 प्रतिशत तक की छूट प्रदान कर दी गयी। जिससे एससी- एसटी एवं ओबीसी वर्ग के पीएचडी की रिक्त पड़ी सीट को भरी जाय।
इस सम्बन्ध में छात्रों ने बताया कि यूजीसी के आदेश का पालन करते हुए बीबीएयू प्रसाशन द्वारा पत्र संख्या 1167/बीबीएयू /18 दिनांक 05/09/2018 को पालन करने के लिए कुलसचिव के द्वारा विज्ञप्ति जारी किया गया। कि विश्वविद्यालय में एससी- एसटी और ओबीसी की रिक्त पीएचडी सीटों को 5 प्रतिशत की छूट देते हुए 45 प्रतिशत अंक वाले का प्रवेश कर लिया जाए। लेकिन विश्वविद्यालय के उद्यान विभाग को छोड़कर अन्य समस्त विभागो में SC/ST और ओबीसी के रिक्त सीटो पर लगभग प्रवेश प्रक्रिया सम्पूर्ण हो चुकी है , लेकिन उद्यान विभाग में 6 सीटों पर प्रवेश प्रक्रिया पांच महीनों से लंबित हैं।
इस सम्बन्ध में उद्यान विज्ञान विभाग में पीएचडी प्रवेश प्रक्रिया को शुरू करने को आज छात्रों विवि के कुलसचिव को एक ज्ञापन सौंपा जिसमे उन्होंने मांग कि प्रवेश प्रक्रिया जल्द से जल्द शुरू करें ताकि छात्रों के भविष्य राह आसान हो सके। छात्रों ने कि यदि जल्द से जल्द प्रवेश प्रक्रिया सम्पन नही होती हैं, तो उन्हें विवश होकर मानव संसाधन मंत्रालय, विवि अनुदान आयोग, प्रधानमंत्री, राष्ट्रपति तथा उच्च न्यायालय के समक्ष अपनी समस्या के समाधान के लिए जाना पड़ेगा।







