इंदौर: पिछले दिनों शिवाजीराव कदम इंस्टिट्यूट ऑफ़ टेक्नोलॉजी एंड मैनेजमेंट के कंप्यूटर साइंस विभाग द्वारा IsoHack नामक हैकेथॉन का आयोजन किया गया। 36 घंटे लगातार चलने वाले इस हैकेथॉन का उद्देश्य युवा छात्रों को रियल लाइफ प्रॉब्लम के सस्टेनेबल सोलूशन्स तैयार करने के लिए प्रेरित करना था। हैकेथॉन के प्रतियोगिताएं के विनर्स को नगद इनामी राशि सौंपी गई। तीन दिवसीय इस हैकेथोन का उद्घाटन मुख्य अथिति श्री जितेन्द्र सिंह, पुलिस अधीक्षक राज्य साइबर सेल, जोन इंदौर तथा एचओडी श्री प्रशांत लकड़वाला व अन्य गणमान्य जनों द्वारा रिबन काट कर किया।
इस कार्यक्रम के स्पांसर इंजीनियर बाबू, मेड इजी विटीफीड, पीआर 24×7 व अन्य रहे। इस दौरान जितेंद्र सिंह ने लोगों को मौजूदा समय में साइबर क्राइम में आने वाले रुझानों, धोखाधड़ी और चालान के बारे में बताया। एक्रोपोलिस टेक्निकल कैम्पस में हुए Isohack के पहले दिन प्रतिभागियों और कमिटी सदस्यों के बीच भरपूर उत्साह देखने को मिला। कार्यक्रम में मेंटर्स श्री समीर खान, जीडीजी भोपाल और श्री प्रांशुल सोहनी, सीईओ, ब्लैकलॉग ने भी अपनी मौजूदगी दर्ज कराई। वहीं कंप्यूटर साइंस डिपार्टमेंट के स्टूडेंट्स ने सांस्कृतिक कार्यक्रम के जरिए हैकेथॉन को भव्य बना दिया। पहले दिन के अंतिम चरण में GitHub और Slack विषय पर एक इंटरैक्टिव सेशन लिया गया, जिसे पीयूष मगलानी, अंतिम वर्ष और हक्सॉक इंदौर से वैभव श्रीवास्तव द्वारा सभी प्रतिभागियों के लिए आयोजित किया गया।
इसी प्रकार आईसो-हैक के दूसरे दिन प्रतिभागियों ने प्रॉब्लम स्टेटमेंट्स पर विचार किया और अपनी टीम के सदस्यों के साथ अच्छी तरह से चर्चा की। मेंटर्स सभी टीमों का मार्गदर्शन करने के लिए पूरे समय उपलब्ध रहे। इसके पश्चात भोपाल में गूगल डेवलपर्स और फेसबुक डेवलपर सर्कल में सह-लीड और स्पीकर रह चुके प्रोग्रामर व लेखक समीर खान ने प्रतिभागियों को परिणाम और सॉफ्टवेयर पर परिणाम के महत्व के बारे में बताया। उन्होंने प्रतिभागियों को समझाया कि किसी भी विचार की रचना करने के पहले उसकी आवश्यकता क्यों? कैसे? और क्या है?(गोल्डन सर्कल) जानना आवश्यक है।
शिवाजीराव कदम इंस्टीट्यूट ऑफ टेकनोलॉजी ऐंड मैनेजमैंट के द्वारा आयोजित Isohack के अंतिम दिन सभी प्रतिभगियों ने अपने फाइनल प्रोटोटाइप की प्रेजेंटेशन माननीय निर्णायक मंडल और मेंटर्स के सामने पेश किये! इसमें देश के विभिन्न शहरों से 700 प्रतिभागियों ने हिस्सा लिया, जिनमें से 100 प्रतिभागियों को प्रतियोगिता के लिए चुना गया। प्रतियोगिता में हिस्सा लेने वाली टीमों ने एग्रीकल्चर, बिजनेस, एजुकेशन और सोशल वेलफेयर की विभिन्न समस्याओं के हल निकालने के लिए अपने प्रोजेक्ट की संक्षिप्त जानकारी दी। इस दौरान मेंटर्स ने प्रतिभागियों से कई सवालात भी किए, और छात्रों द्वारा तैयार किये गए कई प्रोजेक्ट्स की प्रशंसा भी की।
कॉलेज के चेयरमैन डॉ. शिवाजीराव कदम का स्वागत कॉलेज के प्रिंसिपल डॉ. संजय पुरकर द्वारा किया गया इसके पश्चात् डॉ. शिवाजीराव कदम ने सभी प्रतिभागियों को प्रेरित किया और उनके कार्य की सरहना की। कॉलेज के वाइस चेयरमैन डॉ. त्रिवेदी का स्वागत कॉलेज के एच.ओ.डी प्रशांत लकड़वाला द्वारा किया गया! डॉ. त्रिवेदी ने भी प्रतिभागियों को प्रेरित किया। कार्यक्रम की समाप्ति में मेंटर्स को धन्यवाद के रूप में स्मृति चिन्ह भेंट किये गए।
सभी टीम्स की प्रेजेंटेशन और कार्य को देखते हुए जजेस और मेंटर्स ने टॉप थ्री टीम्स को सिलेक्शन किया. टॉप तीन टीमों में, टीम एक्रोकॉडर (प्रथम विजेता), टीम कुछभी (प्रथम रनर अप), टीम सीबीकेएम (द्वितीय रनर अप) को डॉ. शिवाजीराव कदम द्वारा पुरस्कार दिया गया। जिन्हे 15000, 10000 और 5000 का नगद पुरस्कार दिया गया।







