Close Menu
Shagun News India
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Saturday, June 6
    Shagun News IndiaShagun News India
    Subscribe
    • होम
    • इंडिया
    • उत्तर प्रदेश
    • उत्तराखंड
    • राजस्थान
    • खेल
    • मनोरंजन
    • ब्लॉग
    • साहित्य
    • पिक्चर गैलरी
    • करियर
    • बिजनेस
    • बचपन
    • वीडियो
    • NewsVoir
    Shagun News India
    Home»ब्लॉग»Current Issues

    तीन तलाक़ पर अध्यादेश देगा महिलाओं को सुरक्षा

    By September 22, 2018Updated:September 22, 2018 Current Issues 2 Comments3 Mins Read
    Facebook Twitter LinkedIn WhatsApp
    imaging: shagunnewsindia.com
    Share
    Facebook Twitter LinkedIn WhatsApp
    Post Views: 622

    भाजपा सरकार ने तीन तलाक़ पर कानून बनाकर मुस्लिम महिलाओं को साथ बड़ा काम किया है समाज में ऐसी बहुत सी पीड़ित महिलाएं है जो तीन तलाक़ के कारण गुमनामी की ज़िंदगी जी रहीं हैं और जिनके आंसू थमने का नाम नहीं ले रहे हैं और वे अपने बच्चों और नौनिहालों के भविष्य को लेकर बेहद चिंतित हैं कि क्या उनके साथ कभी तीन तलाक़ जैसे गंभीर मुद्दे पर विचार होगा। इस गंभीर मसले को भाजपा ने गंभीरता से समझा और इस कुरीति को जड़ से ख़त्म करने के लिए बड़ा बीड़ा उठाया।

    वैसे तो भाजपा की केंद्र सरकार द्वारा तीन तलाक पर अध्यादेश लाना पहले से तय था। जिस तरह सरकार तीन तलाक के विरुद्ध कानून बनाने के प्रति अडिग थी उसमें यही चारा बचा था। लोक सभा में पारित होने के बावजूद राज्यसभा में रुक जाने के बाद सरकार के पास अध्यादेश का ही विकल्प बचता है। अच्छा होता कि यह संसद में पारित हो जाता। तीन तलाक का जैसा दुरूपयोग हो रहा है, उसे न रोकने का अर्थ है, कानून के राज की अस्वीकृति। महिलाओं के साथ अन्याय हो और सरकार और समाज उसके साथ खड़ा नहीं हो, इस कुप्रथा को रोकने के लिए कदम नहीं उठाया जाए तो इसका अर्थ यही होगा कि हमारे अंदर मनुष्यता नहीं है।

    सर्वोच्च न्यायालय द्वारा अवैध करार दिए जाने के बावजूद मिनटों में तीन तलाक देकर महिलाओं को घर से बाहर निकालने की क्रूरता जारी है। पिछले साल जनवरी से 13 सितम्बर 2018 तक देश में तीन तलाक के 430 मामले संज्ञान में आए हैं। इनमें 229 मामले 22 अगस्त 2017 के उच्चतम न्यायालय के फैसले के पहले के हैं और 201 मामले फैसले के बाद के हैं। साफ है वहशी मानसिकता वाले सर्वोच्च न्यायालय का आदेश मानने को तैयार नहीं है। पीड़ित महिला जब थाने पहुंचती है तो थानेदार स्वयं को कानून के अभाव में लाचार पाता है।

    अध्यादेश के बाद कम-से कम छह महीने के लिए तो कानून अस्तित्व में आ गया है। अब पत्नी को मौखिक, लिखित या इलेक्ट्रॉनिक माध्यमों से तलाक देना गैरकानूनी होगा। तीन साल की सजा और जुर्माने का प्रावधान है। नाबालिग बच्चे के पालन-पोषण की जिम्मेदारी पीड़िता को मिलेगी और पीड़िता और नाबालिग बच्चे के भरण-पोषण के लिए उसका पति मजिस्ट्रेट द्वारा तय पैसे देगा। हालांकि इसमें मजिस्ट्रेट को जमानत का अधिकार दे दिया गया है जो ठीक ही है। मजिस्ट्रेट को पति-पत्नी के बीच समझौता कराकर शादी बरकरार रखने का भी अधिकार होगा। इस तरह यह काननू कठोर और उदार दोनों चरित्र लिये हुए है।

    तलाक के बाद यदि मजिस्ट्रेट के समझाने से पति मान जाता है और पत्नी उसके साथ जाने को तैयार हो जाती है, इससे बेहतर बात कुछ हो नहीं सकती। पहले इसके लिए भी कोई तंत्र उपलब्ध नहीं था। हालांकि मुस्लिम समाज में तलाक हो जाने पर हलाला के बाद ही पूर्व पति के साथ निकाह की कुप्रथा है। इसे रोकने के लिए भी कानून बनाए जाने की जरूरत है ताकि अगर पति-पत्नी समझौता कर साथ आते हैं तो उनके सामने ऐसी कोई बाधा न रहे।

    Keep Reading

    तपती रातें और झुलसाती गर्मी: स्वास्थ्य संकट की नई चेतावनी

    Preparations Underway for a Prolonged War! US Ferries Massive Military Hardware to West Asia, Planning Another Powerful Strike Against Iran.

    पश्चिम एशिया में शांति वार्ता: संवाद की बजाय दबदबा बनाए रखने की होड़

    Haridwar's Rajaji National Park: Here, the jungle itself will tell you its stories!

    हरिद्वार का राजाजी नेशनल पार्क: यहां जंगल खुद आपको अपनी कहानियां सुनाएगा!

    योगी का जन्मदिन “महिलाओं का सुरक्षा दिवस”

    Why is everyone today suffering from depression and gripped by fear?

    आज हर कोई अवसाद से ग्रस्त और भय से व्याप्त क्यों?

    The Cruelty of Bureaucracy: A Citizen Driven to the Brink of Self-Immolation Over ₹52,900

    अफसरतंत्र की क्रूरता: ₹52,900 के लिए आत्मदाह की कगार पर एक नागरिक

    View 2 Comments

    2 Comments

    1. fun buzz ratlam on September 24, 2018 3:11 pm

      Des plus belles histoires et actualit?s qui buzzent.

      Reply
    2. 강남오피 on September 25, 2018 5:46 am

      I blog frequently and I really thank you for your content.
      The article has really peaked my interest. I will bookmark your blog and
      keep checking for new information about once per week. I subscribed
      to your RSS feed as well.

      Reply
    Leave A Reply Cancel Reply

    Advertisment
    Google AD
    We Are Here –
    • Facebook
    • Twitter
    • YouTube
    • LinkedIn

    EMAIL SUBSCRIPTIONS

    Please enable JavaScript in your browser to complete this form.
    Loading
    About



    ShagunNewsIndia.com is your all in one News website offering the latest happenings in UP.

    Editors: Upendra Rai & Neetu Singh

    Contact us: editshagun@gmail.com

    Facebook X (Twitter) LinkedIn WhatsApp
    Popular Posts
    Sezal Sharma Finds a Treasure of Peace in the Streets of Prague

    प्राग की गलियों में खो गईं सेज़ल शर्मा, मिला आत्मिक सुकून

    June 6, 2026
    Outsider Revati Mahurkar becomes the industry's new sensation.

    आउटसाइडर रेवती महुरकर बन गईं इंडस्ट्री की नई सनसनी

    June 6, 2026

    तपती रातें और झुलसाती गर्मी: स्वास्थ्य संकट की नई चेतावनी

    June 6, 2026
    Preparations Underway for a Prolonged War! US Ferries Massive Military Hardware to West Asia, Planning Another Powerful Strike Against Iran.

    पश्चिम एशिया में शांति वार्ता: संवाद की बजाय दबदबा बनाए रखने की होड़

    June 6, 2026

    नौतपा की गर्मी के बीच मानसून केरल पहुंचा, लेकिन 3 दिन लेट!

    June 5, 2026

    Subscribe Newsletter

    Please enable JavaScript in your browser to complete this form.
    Loading
    Privacy Policy | About Us | Contact Us | Terms & Conditions | Disclaimer

    © 2026 ShagunNewsIndia.com | Designed & Developed by Krishna Maurya

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.

    Newsletter
    Please enable JavaScript in your browser to complete this form.
    Loading