पंजाबी समुदाय के नेता इसे भारतीय अप्रवासियों की सुरक्षा के लिए खतरे के रूप में देख रहे हैं
अबॉट्सफोर्ड (कनाडा), 29 अक्टूबर 2025: कनाडा के ब्रिटिश कोलंबिया प्रांत के अबॉट्सफोर्ड शहर में सोमवार सुबह एक सनसनीखेज घटना में 68 वर्षीय भारतीय मूल के प्रमुख उद्योगपति दर्शन सिंह साहसी की गोली मारकर हत्या कर दी गई। यह हमला उनके घर के बाहर उनकी कार के पास हुआ, जब वे अपनी गाड़ी में सवार हो रहे थे। स्थानीय पुलिस ने इसे एक “टारगेटेड किलिंग” करार दिया है, और जांच में एक अज्ञात हमलावर की तलाश जारी है, जो चांदी के रंग की टोयोटा कोरोला कार से भागा।
लॉरेंस बिश्नोई गैंग के कनाडा स्थित सदस्य गोल्डी ढिल्लन ने फेसबुक पर एक पोस्ट के जरिए इस हत्या की जिम्मेदारी ली है। गैंग ने दावा किया कि साहसी नशे (“चिट्ठे”) के मोटे कारोबार से जुड़े थे और जब उन्होंने गैंग से पैसे की मांग पूरी नहीं की तथा उनका नंबर ब्लॉक कर दिया, तो उन्हें “सजा” दी गई। हालांकि, साहसी के परिवार ने इन आरोपों को सिरे से खारिज कर दिया है। परिवार के एक सदस्य ने कहा, “पापा ने कभी नशे का कारोबार नहीं किया। उन्होंने मेहनत से एक वैध साम्राज्य खड़ा किया था, जिसमें कपड़ा रीसाइक्लिंग का बड़ा बिजनेस शामिल है। कोई धमकी या फिरौती की कॉल नहीं मिली थी।”
घायल होने के बावजूद बच नहीं सके :
- समय और जगह: 27 अक्टूबर 2025 को सुबह करीब 9:22 बजे (स्थानीय समय) अबॉट्सफोर्ड के रिजव्यू ड्राइव इलाके में।
- हमले का तरीका: सीसीटीवी फुटेज के अनुसार, साहसी अपनी कार में बैठते ही एक अकेले हमलावर का शिकार बने, जो सड़क के पार खड़ी गाड़ी से निकला। हमलावर ने कई गोलियां चलाईं और मौके से फरार हो गया।
- तत्काल प्रतिक्रिया: अबॉट्सफोर्ड पुलिस ने मौके पर पहुंचकर साहसी को अस्पताल ले जाया, लेकिन वे घायल होने के बावजूद बच नहीं सके। पुलिस ने सिल्वर टोयोटा कोरोला की तस्वीर जारी की है और जांच के लिए अतिरिक्त संसाधन तैनात किए हैं।
पुलिस ने कहा कि यह घटना दक्षिण एशियाई समुदाय को निशाना बनाने वाली हालिया फिरौती संबंधी हिंसाओं से अलग प्रतीत होती है, लेकिन लॉरेंस बिश्नोई गैंग के सोशल मीडिया पोस्ट की प्रामाणिकता की जांच भारत और कनाडा की एजेंसियां कर रही हैं।
दर्शन सिंह साहसी कौन थे?
दर्शन सिंह साहसी पंजाब के लुधियाना जिले के राजगढ़ गांव के मूल निवासी थे। 1991 में कनाडा जाकर उन्होंने छोटे-मोटे कामों से शुरुआत की और धीरे-धीरे कपड़ा रीसाइक्लिंग के क्षेत्र में “कैनम इंटरनेशनल” नामक कंपनी की स्थापना की, जिसके वे अध्यक्ष थे। कंपनी का मुख्यालय मैपल रिज (बीसी) में है, जहां पंजाबी समुदाय के लोग कार्यरत हैं।
- इसके अलावा: गुजरात के कांडला में एक प्लांट।
- हरियाणा के पानीपत में रीसाइक्लिंग सुविधा।
- अमेरिका में होटल व्यवसाय।
परिवार का दावा है कि उन्होंने “अरबों-खरबों” की संपत्ति कमाई, जो पूरी तरह वैध और मेहनत पर आधारित थी। साहसी सामाजिक कार्यों में सक्रिय थे और पंजाबी समुदाय में “सज्जन व्यक्ति” के रूप में जाने जाते थे। 2016 में उनके भतीजे जगजीत सिंह साहसी की ड्रग एडिक्शन से मौत हो चुकी थी, जिसका जिक्र साहसी ने सार्वजनिक रूप से किया था।
पैतृक गांव में शोक की लहर
इस खबर से पंजाब के राजगढ़ गांव में सन्नाटा पसर गया है। साहसी के भतीजे और अन्य रिश्तेदार यहां रहते हैं। गांववासी परिवार के साथ दुख बांटने उनके घर पहुंच रहे हैं। रिश्तेदार गुरबख्श सिंह ने कहा, “दर्शन सिंह ने कभी किसी की मदद से इनकार नहीं किया। वे गांव के लिए प्रेरणा थे।”
साहसी ने राजगढ़ में अपनी कंपनी का एक दफ्तर भी खोला था, जहां से मैनेजमेंट का काम चलता था।उनके मैनेजर नितिन ने दुख जताते हुए बताया, “मालिक एक दयालु इंसान थे। वे हमेशा कर्मचारियों और जरूरतमंदों की मदद करते। यह घटना पूरे समुदाय के लिए झटका है।”
गैंग का बढ़ता खतरा
यह घटना कनाडा में लॉरेंस बिश्नोई गैंग की बढ़ती सक्रियता को दर्शाती है। हाल ही में गैंग ने सरे और मैपल रिज में ड्राइव-बाय शूटिंग की जिम्मेदारी ली, और पंजाबी सिंगर चन्नी नट्टन के घर पर फायरिंग भी की। कनाडा सरकार ने गैंग को “आतंकी संगठन” घोषित किया है, लेकिन हमले जारी हैं। पंजाबी समुदाय के नेता इसे भारतीय अप्रवासियों की सुरक्षा के लिए खतरे के रूप में देख रहे हैं।
पुलिस ने अपील की है कि कोई भी सुराग देने वाले संपर्क करें। यह मामला अंतरराष्ट्रीय सहयोग की मांग करता है, क्योंकि गैंग के सदस्य भारत और कनाडा दोनों में सक्रिय हैं। साहसी की मौत ने न केवल उनके परिवार को, बल्कि पूरे पंजाबी डायस्पोरा को झकझोर दिया है।






