मुंबई, 8 दिसंबर 2025 : दो अलग तरह की खबरें आज मुंबई से एक साथ सुर्खियों में हैं, दोनों का संबंध लोगों की जिंदगी को बेहतर बनाने से है, बस रास्ते अलग हैं।
पहली बड़ी खबर वित्तीय बाजार से। देश की सबसे बड़ी एसेट मैनेजमेंट कंपनियों में शुमार आईसीआईसीआई प्रूडेंशियल एसेट मैनेजमेंट कंपनी का बहुप्रतीक्षित आईपीओ आखिरकार 12 दिसंबर से खुल रहा है। 16 दिसंबर तक चलने वाले इस निर्गम का प्राइस बैंड 2061 रुपये से 2165 रुपये प्रति शेयर रखा गया है। कंपनी पोस्ट आईपीओ सिर्फ 9.91 प्रतिशत हिस्सेदारी ही बाजार में ला रही है। न्यूनतम बोली 6 शेयर की होगी और इसके बाद 6 शेयरों के गुणक में आवेदन किया जा सकेगा। बीएसई और एनएसई दोनों पर लिस्टिंग होगी। बाजार सूत्रों का मानना है कि म्युचुअल फंड सेक्टर में निवेशकों का भरोसा और कंपनी की मजबूत ट्रैक रिकॉर्ड इस आईपीओ को लंबी अवधि के निवेशकों के लिए आकर्षक बना सकती है।
सरस्वथी राजू पुथरन फाउंडेशन ने बदल दी हजारों जिंदगियों की दिशा

दूसरी खबर उसी मुंबई शहर से है, जहां धन और दान एक साथ सांस लेते हैं। कर्नाटक में काम करने वाली सरस्वथी राजू पुथरन फाउंडेशन ने पिछले एक दशक में हजारों गरीब बच्चों और परिवारों की जिंदगी में रोशनी भरने का काम किया है। दिवंगत राजू पी. पुथरन द्वारा 2012 में शुरू की गई यह संस्था आज श्रीमती सरस्वथी राजू पुथरन के नेतृत्व में शिक्षा, स्वास्थ्य, वृद्धाश्रम, अनाथालय, मेडिकल सहायता और प्राकृतिक आपदा राहत जैसे क्षेत्रों में सक्रिय है। फाउंडेशन स्कूलों में चित्रकला, नृत्य और लेखन प्रतियोगिताएं आयोजित करता है, योग और वेलनेस कार्यक्रम चलाता है, और यह सुनिश्चित करता है कि आर्थिक तंगी की वजह से कोई बच्चा पढ़ाई से वंचित न रहे।
श्रीमती सरस्वथी राजू पुथरन ने कहा, “बड़े संसाधनों से ज्यादा जरूरी है साफ नीयत और निरंतर सेवा भाव। हमारा मकसद सिर्फ मदद करना नहीं, बल्कि हर बच्चे में आत्मविश्वास जगाना है ताकि वह खुद अपनी जिंदगी बदल सके।”
आज मुंबई एक ही दिन में दो तस्वीरें दिखा रहा है। एक तरफ बाजार में अरबों रुपये का खेल शुरू होने वाला है, दूसरी तरफ उसी शहर से कुछ सौ किलोमीटर दूर हजारों बच्चों की आंखों में सपने जगाए जा रहे हैं। शायद यही भारत की असली ताकत है, जहां पूंजी भी जुट रही है और करुणा भी बंट रही है।







