क्राइस्ट और रिदम ऑफ नेचर ने खींचा एन खन्ना का व्यक्तित्व

0
821
  • चित्रकार नंदकिशोर खन्ना के जन्म दिवस समारोह पर प्रदर्शित हुई उनकी कलायात्रा पर केंद्रित 50 पेंटिंग
  • प्रतिष्ठित कलाकारों की मौजूदगी में वेबसाइट की हुई लॉचिंग, नवसृजित फाउंडेशन की ओर से हुआ जन्मदिन समारोह 
  • 16 अगस्त को आर्ट्स कालेज में होगी परिचर्चा, 

 लखनऊ, 12 अगस्त 2017। वरिष्ठ चित्रकार नंदकिशोर खन्ना द्वारा बनाई पेंटिंग की पांच दिवसीय प्रदर्शनी का उनके जन्म दिवस समारोह के रुप में शुरु हुई। चित्रकार नंदकिशोर खन्ना फाउंडेशन द्वारा आयोजित पेंटिंग प्रदर्शनी का आयोजन कैसरबाग स्थित राज्य ललित कला अकेडमी में शाम 5 बजे हुआ। प्रदर्शनी के उद्घाटन समारोह में नंदकिशोर खन्ना जी के कला संसार पर केंद्रित वेबसाइट की लांचिंग भी हुई। समारोह में शहर के कलाविद, चित्रकार, उनके सहयोगी मौजूद थे। इस समारोह का उद्घाटन राष्ट्रीय ललित केन्द्र अलीगंज के सचिव ज्योतिष जोशी ने किया। उन्होंने एन खन्ना के कला सफर की तुलना उस संघर्ष से की जिसके परिणाम में समाज को अमृतपान का अवसर मिला।

प्रदर्शनी में चित्रकार स्वर्गीय नंदकिशोर खन्ना द्वारा बनाई गई दुर्लभ पेंटिंग प्रदर्शित की गईं। जिसमें श्री नंदकिशोर खन्ना की रचनात्मकता उनके चित्रों में साफ दिखाई दी। उनके शुरुआती दौर के चित्र जहां मूर्त रुप में नजर आये। वहीं बाद के चित्रों में अमूर्त में गहरे भाव दिखाई दिये। पेंटिंग को कैनवास, हार्डबोर्ड और पेपर पर में ऑयल, पेन एंड इंक माध्यम से बखूबी चित्रित किया गया। उनकी कलाकृतियों में रेखांकन, रंग संयोजन, लयात्मकता, बोल्ड स्ट्रोक, सौंदर्यबोध और सामाजिक सरोकार साफ दिखाई दिये। प्रदर्शनी में लखनऊ कैमरा क्लब के अध्यक्ष अनिल रिसाल सिंह, कला महाविद्यालय के प्रधानाचार्य रतन कुमार, राज्य ललित कला अकादमी के सचिव डॉ यशंतवत सिंह राठौर, एलुमाई असोसिएशन कला एवं शिल्प महाविद्यालय लखनऊ अध्यक्ष मामून नोमानी ने भी एन खन्ना की कलाकृतियों में सौन्दर्य और सामाजिक सरोकार की प्रशंसा की।

क्राइस्ट,रिदम ऑफ नेचर शृंखला बनी आकर्षण का केंद्र:

रेखांकन में भी विषय के रुप में काली जी, हनुमान जी आदि देवी-देवताओं को अर्धमूर्त रुप में प्रतीकों के संयोजन से चित्रित किया गया था। इसके बाद खन्ना जी ने क्राइस्ट को पहले रेखांकन और उसके बाद में कैनवास पर ऑयल माध्यम से बखूबी चित्रित किया। क्राइस्ट विषय पर काफी समय तक काम करने के बाद पिछले पंद्रह साल से प्रकृति को उन्होंने अपना विषय बनाया। जिसमें लयात्मकता के साथ कैनवास पर उकेरा। उनकी बनाई गई प्रकृति पर केंद्रित रिदम ऑफ नेचर शृंखला की पेंटिंग कलाप्रेमियों के बीच आकर्षण का विषय बनी।

 नंदकिशोर पर केंद्रित वेबसाइट का हुई लॉचिंग: 

प्रदर्शनी के उद्घाटन समारोह में श्री नंदकिशोर खन्ना के कला संसार के संकलित रुप को  जन समान्य से रूबरू कराने के लिए वेबसाइट की लॉचिंग हुई। चित्रकार नंदकिशोर खन्ना फाउंडेशन की निदेशिका पुष्पा खन्ना ने बताया कि वेबसाइट में खन्ना जी की पेंटिंग, कला समीक्षाएं, आलेख और उनके कला सरोकारों को प्रदर्शित किया गया है। इसे विस्तार दिया जायेगा।

 बेटी निधि खन्ना ने पापा को दी श्रद्धांजलि:

नंदकिशोर खन्ना कला फाउंडेशन की ओर से कलाविद नंदकिशोर खन्ना की स्मृति में फाउंडेशन की सचिव सुश्री निधि खन्ना (श्री खन्ना जी की सुपुत्री) द्वारा श्री खन्ना जी की कलायात्रा से जन समान्य को परिचित कराने के उद्देश्य से उनके प्रारंभिक चित्रों के साथ अब तक सृजित 2017 को निधन हो गया था। उसके बाद फाउंडेशन की स्थापना और उसके बाद यह पहला आयोजन है।

 16 अगस्त को होगी परिचर्चा:

फाउंडेशन द्वारा कला एवं शिल्प महाविद्यालय में दिनांक 16 अगस्त 2017 को दोपहर 12 बजे उनके व्यक्तित्व और कृतित्व पर परिचर्चा का आयोजन किया जा रहा है। इन  आयोजनों में राज्य ललित कला अकेडमी, कला एवं शिल्प महाविद्यालय, एल्युमिनाई एसोसिएशन एवं लखनऊ कैमरा क्लब का विशेष सहयोग किया गया है।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here