‘अस्तित्व‘ फिल्म का निर्देशन एवं लेखन श्री आदिल पारी ने और फोटोग्राफी का निर्देशन सैयद कुदरत अली ने किया
लखनऊ 27 अक्टूबर। समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं पूर्व मुख्यमंत्री श्री अखिलेश यादव के समक्ष आज एसिड पीड़ित महिलाओं पर बनी फिल्म ‘अस्तित्व‘ की सीडी लांच की। उन्होंने कहा कि समाज के अवांछित तत्वों द्वारा महिलाओं व किशोरियों पर एसिड़ से हमला अपराधिक और अमानवीय कृत्य है। दोषियों को कड़ा दण्ड मिलना चाहिए। जो एसिड़ पीड़िता हैं उनके साथ दयाभाव या कोरी सहानुभूति दिखाने की जगह उनके स्वाभिमान की रक्षा करनी चाहिए। उन्हें आत्मनिर्भर और सहयोगी बनाने का काम करना चाहिए।
इस ‘अस्तित्व‘ फिल्म का निर्देशन एवं लेखन श्री आदिल पारी ने और फोटोग्राफी का निर्देशन सैयद कुदरत अली ने किया। इसमें प्रीति शुक्ला, कृष्ण कुमार तथा शिवम राय ने प्रभावशाली भूमिका निभाई है। फिल्म के निर्माण वाच इण्डिया प्रोडक्सन है जबकि इसका मीडिया पार्टनर मीडिया फोटोग्राफर क्लब, लखनऊ है।
मीडिया फोटोग्राफर क्लब के संस्थापक/अध्यक्ष श्री एसएम पारी ने बताया कि श्री अखिलेश जी के मुख्यमंत्रित्वकाल में ही एसिड पीड़िताओं की आर्थिक मदद हुई और उन्हें अपने पैरों पर खड़ा होने का अवसर दिया गया। दो पीड़िताओं का उन्होंने इलाज भी कराया। एसिड पीड़ित महिलाओं द्वारा गोमतीनगर में शीरोज काफे संचालित किया जा रहा है। इसके लिए स्थान श्री अखिलेश जी ने ही मुहैया कराया था। उनके प्रति आभार प्रकट करने के लिए आज फिल्म यूनिट ने उनसे भेंट की।
इस अवसर पर श्री अखिलेश यादव जी के साथ सर्वश्री अहमद हसन, नरेश उत्तम पटेल, राजेन्द्र चौधरी, एसआरएस यादव, अरविन्द कुमार सिंह भी उपस्थित थे।
किसानों को उनकी फसल का समर्थन मूल्य देने में आनाकानी से भाजपा का किसान विरोधी चरित्र उजागर हुआ
लखनऊ 27 अक्टूबर। समाजवादी पार्टी के मुख्य प्रवक्ता राजेंद्र चौधरी ने कहा है कि उत्तर प्रदेश की भाजपा सरकार ने पेराई सत्र 2017-18 के लिए गन्ना खरीद का राज्य परामर्शित मूल्य (एसएपी) 10 रूपए प्रति कुन्तल बढ़ाने की घोषणा की है। यह किसानों के साथ अन्याय है। भाजपा सरकार की किसानों के साथ धोखेबाजी की यह पहली बानगी नही है। इससे पूर्व वह कर्जमाफी के मामले में भी किसानों के साथ विश्वासघात कर चुकी है।
भाजपा प्रारम्भ से ही पूंजीघरानों की पोषक पार्टी रही हैं। किसान, गरीब, गांव कभी उसकी प्राथमिकता में नहीं रहे हैं। गरीब किसान का एक लाख तक कर्ज माफ करने में उसने हेराफेरी की जबकि बड़े व्यापारिक घरानों के करोड़ों रूपए के कर्ज माफ कर दिए गए। किसानों को उनकी फसल का उचित और लाभप्रद मूल्य देने में आनाकानी से भाजपा का किसान विरोधी चरित्र उजागर हो गया है।
उन्होंने कहा जहां तक समाजवादी पार्टी का सवाल है, मुख्यमंत्री श्री अखिलेश यादव ने गन्ना किसानों को एक मुश्त 40 रूपए प्रतिकुन्तल की मूल्यवृद्धि की थी। गन्ना किसानों के बकाये की अदायगी में भी समाजवादी सरकार ने डिफाल्टर चीनी मिलों के खिलाफ कड़े कदम उठाए थे। इसके फलस्वरूप गन्ना किसानों को अपनी फसल जलाने की जरूरत नहीं पड़ी थी। मिल के गेट पर घटतौली पर भी अखिलेश जी ने रोक लगाई थी। चीनी उत्पादन में उत्तर प्रदेश का अपना शानदार रिकार्ड रहा है।
श्री अखिलेश यादव ने आजमगढ़ में नई चीनी मिल बनाई। मेहिउद्दीनपुर (मेरठ) एवं पुवायां (शाहजहांपुर) चीनी मिलें बंद पड़ी थी, उन्हें चालू कराया। समाजवादी सरकार के समय गन्ना किसानों को ज्यादा कीमत के साथ खाद, कीटनाशक की सहज उपलब्धता थी। भाजपा ने गन्ना किसानों को अपने निर्णय से और ज्यादा परेशानी में डाल दिया हैं। 10 रूपए की मूल्यवृद्धि का निर्णय किसानों का अपमान है।







