- चुने हुए मास्टर प्रोग्राम के लिए जनवरी में नए दाखिले होंगे
इंदौऱ, 31 मई, 2018: आस्ट्रेलिया की ला ट्रोब यूनिवर्सिटी (एलटीयू) के डीन एवं ला ट्रोब बिज़नेस स्कूल (एलबीएस) के प्रमुख प्रोफेसर जेन हैमिल्टन के नेतृत्व में भारत, काठमांडु और कोलम्बो के दौरे पर आए एक वरिष्ठ प्रतिनिधमंडल ने भारतीय विद्यार्थियों के विशेष लाभ के लिए नए अवसरों की घोषणा की है।
भारत के विद्यार्थियों की मांग पर एलबीएस ने कुछ चुने हुए पोस्ट ग्रैजुएट कोर्स के लिए जनवरी में दाखिले की शुरुआत की है। इसके तहत स्टडी प्रोग्राम में तेजी कर के कोर्स जल्द पूरा किया जाएगा। यह इससे पहले पिछले साल नवंबर में अंडरग्रैजुएट और पोस्टग्रैजुएट प्रोग्राम की बहुत सफल शुरुआत के अतिरिक्त नया प्रयास है। नवंबर के दाखिले भी फरवरी और जुलाई सेमेस्टर के दो दाखिलों के अतिरिक्त हैं। ला ट्रोब युनिवर्सीटी ने कुछ वर्षों पहले पोस्ट ग्रैजुएट कोर्स के लिए तीसरे सेमेस्टर का आरंभ किया जिसे आज भारत के विद्यार्थी बहुत पसंद करते हैं। इसके अलावा उद्योग जगत की जरूरतों और जाॅब मार्केट के नए रुझानों को ध्यान में रखते हुए नए विषय भी पेश किए गए हैं।
प्रोफेसर जेन हैमिल्टन ने कहा, ‘‘ला ट्रोब यूनिवर्सिटी का निरंतर प्रयास हमारे क्षेत्र के प्रमुख देशों से जुड़ना और विद्यार्थियों को बेहतर अवसर देना है। इसी मकसद से ला ट्रोब बिज़नेस स्कूल का यह प्रतिनिधिमंडल एक बार फिर भारत आया है। पोस्ट ग्रैजुएट प्रोग्राम के लिए हमारे नए जनवरी दाखिले, अंडरग्रैजएुट और पोस्ट ग्रैजुएट प्रोग्राम के लिए साल में तीन दाखिले और निरंतर शानदार स्काॅलरशिप देने से भारत के विद्यार्थियों को ला ट्रोब बिज़नेस स्कूल की विशेषज्ञता और अत्याधुनिक सुविधाओं का बड़ा लाभ होगा।’’
एमबीए: ‘‘ला ट्रोब युनिवर्सीटी के उद्योग केंद्रित प्रायोगिक एमबीए के विद्यार्थियों के लिए 21वीं सदी के व्यवसाय जगत में सफल होना आसान होता है। प्रोग्राम ईपीएएस से मान्यता प्राप्त है और सीईओ मैगज़ीन ने इसे टियर वन ग्लोबल प्रोग्राम का दर्जा दिया है। कोर्स की एक खास विशेषता विद्यार्थियों को संगठन के अंदर ही इंटरप्राइज़ लर्निंग प्रोजेक्ट पर काम करने का अवसर देना है।’’
नए विषय: ला ट्रोब बिज़नेस स्कूल में नए विषयों का आरंभ जाॅब मार्केट की बदलती जरूरतों के मद्इदेनजर किया गया है। इससे ग्रैजुएट कारोबार जगत के नए रुझानों से रू-ब-रू होंगे। ये विषय हैं ‘बिग आइडियाज़ इन बिज़नेस और डिजिटल बिज़नेस। दोनों बैचलर आॅफ बिज़नेस का हिस्सा होंगे।







