नौ सूत्री मांग को लेकर दिया धरना
लखनऊ, 21 जनवरी 2019: पुरानी पेंशन बहाली न होने से नाराज उप्र माशिसं के शिक्षकों ने आज ‘‘शिक्षा निदेशक कार्यालय, पार्क रोड, लखनऊ पर विशाल धरना दिया। जिसका नेतृत्व संगठन के अध्यक्ष एवं शिक्षक विधायक चेतनारायण सिंह ने किया और मुख्य सचिव, उ॰प्र॰ शासन को शिक्षकों की लम्बित नौ सूत्री माँगों की समस्याओं से सम्बन्धित ज्ञापन प्रेषित किया।
संरक्षक एवं एम एल सी राजबहादुर सिंह चंदेल ने कहा कि जिस प्रकार राज्य कर्मचारियों को चिकित्सा सुविधा मुहैया करायी जा रही है उसी प्रकार माध्यमिक शिक्षकों एवं कर्मचारियों को भी कैशलेश चिकित्सा सुविधा प्रदान की जानी चाहिए।
संगठन की मांगे:
- पुरानी पेंशन योजना को बहाल करना।
- वित्तविहीन मान्यता की धारा 7क (क) का 7(4) में परिवर्तन सेवा दशा तथा मानदेय वेतन का निर्धारण करना।
- सभी शिक्षक एवं कर्मचारियों को चिकित्सा सुविधा मुहैया कराना।
- अद्यतन कार्यरत तदर्थ शिक्षकों का विनियमितीकरण करना।
- सीटीईटी विसंगति को समाप्त करना।
- व्यवसायिक एवं कंप्यूटर अनुदेशकों का शिक्षक पद पर समायोजन करना।
- विषय विशेषज्ञों को सेवा का लाभ देना।
- माध्यमिक शिक्षा परिषद के मूल्यांकन निरीक्षण के प्रमुखों को सीबीएसई के बराबर वृद्धि करना।
- प्रोन्नति में स्नातकोत्तर उपाधि की बाध्यता को समाप्त करना।

शिक्षक साथियों को सम्बोधित करते हुए संगठन के प्रदेशमंत्री/प्रवक्ता डाॅ. महेन्द्र नाथ राय ने कहा कि
संगठन लम्बे अरसे से प्रदेश के शिक्षकों की समस्याओं के निराकरण हेतु अनेकों आंदोलन कर चुका है, किन्तु दुर्भाग्यवश शिक्षक समस्याएं जस की तस बनी हुई हैं।
धरने को सफल बनाने के लिए संगठन के पूर्व महामंत्री श्री लवकुश मिश्रा, प्रदेश उपाध्यक्ष रमेश सिंह, महेन्द्र सिंह बैसला, गिरेन्द्र सिंह कुशवाहा, गुमान सिंह यादव, केपी सिंह, डाॅ॰ मेजर देवेन्द्र सिंह, मंत्री अमर सिंह सचान, जगदीश प्रसाद व्यास, राममोहन शाही, रजनीश चौहान सहित प्रदेश के समस्त जनपदों के जिलाध्यक्ष, जिलामंत्री एवं हजारों की संख्या में शिक्षक साथी उपस्थित हुए।







