बैंक ने इस मामले को सार्वजनिक कर जिस तरह उसकी साख धोई है, उससे बात बहुत बिगड़ गई है। इस तरह बैंक ने बकाया वसूली के सारे रास्ते बंद कर लिए हैं
मुंबई 20 फरवरी 2018। बैंकिंग इतिहास की सबसे बड़ी बैंक घोटाले का मुख्य कर्ताधर्ता नीरव मोदी करोड़ों की ‘चोरी’ के बाद अब सीनाजोरी पर उतर आया है। नीरव मोदी ने इस मामले में पहली बार बयान दिया। उसने कहा बैंक ने इस मामले को सार्वजनिक कर जिस तरह उसकी साख धोई है, उससे बात बहुत बिगड़ गई है। इस तरह बैंक ने बकाया वसूली के सारे रास्ते बंद कर लिए हैं। नीरव मोदी ने यह भी दावा किया कि उसकी कंपनियों पर बकाया बैंक द्वारा बताई गई राशि से बहुत कम है।
पीएनबी प्रबंधन को 15-16 फरवरी को लिखे एक पत्र में नीरव मोदी ने कहा उसकी कंपनियों पर बैंक का बकाया 5,000 करोड़ रुपये से भी कम है। पत्र के अनुसार गलत तौर पर बताई गई बकाया राशि से होहल्ला हो गया और समूह का व्यावसायिक परिचालन बंद हो गया। जिससे समूह की बैंक का बकाया चुकाने की क्षमता खतरे में पड़ गई है। उल्लेखनीय है कि नीरव अपने परिवार समेत जनवरी के पहले हफ्ते में ही देश छोड़कर चला गया था।
नीरव मोदी ने अपने बयान में कहा कि 13 फरवरी को की गई मेरी पेशकश के बावजूद बकाया को तत्काल पाने की हड़बड़ी में बैंक प्रबंधन द्वारा की गई कार्रवाई ने मेरे ब्रांड और कारोबार को तबाह कर दिया है। इससे अब बकाया वसूलने की आपकी क्षमता सीमित हो गई है। गौरतलब है कि जांच एजेंसियां घोटाला सामने आने के तुरंत बाद से ही उसकी संपत्तियों और ठिकानों पर कार्रवाई में जुट गई हैं। अब तक 5716 करोड़ की संपत्तियां जब्त की जा चुकी हैं। साथ ही नीरव को भारत लाने की प्रक्रिया भी शुरू हो गई है।






