पूर्व साथी ने दिया अल्टीमेटम, साबित करो वीडियो में तुम नहीं हो
गांधीनगर 14 नवंबर। गुजरात में चुनावी गहमागहमी के बीच पाटीदार आरक्षण आंदोलन समिति (पास) नेता हार्दिक पटेल के एक अनजान युवती के साथ कथित सेक्स वीडियो के सोमवार को सोशल मीडिया में वायरल होने के बाद उन्होंने इसे सत्तारूढ़ भाजपा का षडयंत्र करार दिया है और उधर कांग्रेस उनके बचाव में उतर गयी है।
हालांकि एक अन्य पाटीदार नेता तथा हार्दिक के पूर्व सहयोगी अश्विन पटेल ने हार्दिक से इस वीडियो के गलत होने की बात 96 घंटे में साबित करने की हार्दिक को चुनौती देते हुए कहा है कि अगर ऐसा नहीं किया तो वह उनके और उनके संगठन के अन्य नेताओं के ऐसे कृत्यों के सबूत सार्वजनिक कर देंगे। यू ट्यूब और अन्य सोशल मीडिया साइट पर वायरल हुए इस वीडियो फुटेज की अवधि लगभग दस मिनट की है। इसमें कथित तौर पर हार्दिक को किसी अनजान युवती से किसी होटल अथवा गेस्टहाऊस के कमरे में बिस्तर पर पहले गुजराती भाषा में बातचीत करते हुए और बाद में हमबिस्तर होते दिखाया गया है। हार्दिक ने हालांकि शुरूआती प्रतिक्रिया में इसे बनावटी कहा पर यह भी कहा कि अगर यह उनका वीडियो हुआ तो वह स्वीकार करने से गुरेज नहीं करेंगे।
पाटीदार आंदोलन के एक अन्य प्रमुख संगठन सरदार पटेल ग्रुप (एसपीजी) ने इसकी न्यायिक जांच कराने की मांग की। हार्दिक ने पत्रकारों से कहा कि उन्होंने पहले से ही ऐसे सीडी बाहर आने की आशंका जतायी थी।
भाजपा में पहले भी इसके ही नेता संजय जोशी की फर्जी सेक्स सीडी उस समय बाहर आयी थी जब वह गुजरात में आगे बढ़ रहे थे। यह गंदी राजनीति की शुरूआत है। वह इस मामले में जो भी जरूरी होगा वह कानूनी कार्रवाई करेंगे। इसी साल 16 मई को रात करीब सवा नौ बजे तैयार इस सीडी के बारे में हार्दिक ने कहा कि यह बनावटी है और इसे बैंकाक में तैयार किया गया है। वह अपने समुदाय के नेता हैं और उनसे मिलने कई तरह के लोग आते हैं। भाजपा महिलाओं की जासूसी जैसे काम में रही है। सीडी जैसी चीजों से उन्हें कोई फर्क नहीं पड़ता वह छाती ठोक कर भाजपा के खिलाफ अपनी लडाई जारी रखेंगे। उन्होंने अक्खड़ अंदाज में कहा कि उनका जिसे जो बिगाड़ना है बिगाड़ ले। कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी के साथ उत्तर गुजरात का दौर कर रहे पार्टी के कार्यकारी अध्यक्ष और पाटीदार नेता परेश धानाणी तथा पार्टी प्रवक्ता शक्तिंिसह गोहिल ने बहुचराजी में पत्रकारों से कहा कि यह गुजरात चुनाव में हार के डर से घबरायी भाजपा की निम्न स्तरीय राजनीति का नमूना है।
श्री धानाणी ने कहा कि भाजपा की जमीन खिसक गयी है इसलिए यह ऐसा कर रही है। उधर पाटीदार आरक्षण संघर्ष समिति के राष्ट्रीय अध्यक्ष अश्विन पटेल ने अहमदाबाद में पत्रकारों से कहा कि हार्दिक पहले भी एक युवती के साथ मनाली गये थे और उसे अपनी पत्नी बताया था। आज के वीडियो में दिख रही महिला अलग है। अगर बैंकाक में ऐसे बनावटी वीडियो पैसे से बनते हों तो वह कांग्रेस से पैसे लेकर उनका भी ऐसा वीडियो बना कर दिखा दें। उनके पास हार्दिक ही नहीं उनके संगठन के मोरबी, राजकोट, सूरत समेत अन्य स्थानों के संयोजकों के भी ऐसे कृत्यों के सबूत हैं।
अगर हार्दिक ने यह साबित नहीं किया कि वायरल वीडियो गलत है तो चार दिन बाद वह इन्हे सार्वजनिक करेंगे। हार्दिक पाटीदार समाज को गुमराह कर रहे हैं। एसपीजी के प्रवक्ता पूर्विन पटेल ने कहा कि इस मामले की न्यायिक जांच होनी चाहिए। वीडियो की सत्यता की विधि विज्ञान प्रयोगशाला के जरिये जांच होनी चाहिए।







