लखनऊ, 25 जून। विदेश मंत्रालय ने लखनऊ के क्षेत्रीय पासपोर्ट अधिकारी पीयूष वर्मा को आनन-फानन तनवी सेठ को पासपोर्ट जारी करने के मामले में सोमवार को दिल्ली तलब किया है। वहीं, तनवी सेठ को पासपोर्ट जारी न करने के मामले में सहायक पासपोर्ट अधिकारी विकास मिश्रा ने नोटिस का जवाब दे दिया है।
गौरतलब है कि मामले के तूल पकड़ने पर विदेश मंत्रालय के हस्तक्षेप के बाद 21 जून को सुबह 10:30 बजे पीयूष वर्मा ने तनवी को पासपोर्ट दिया था। दरअसल, पुलिस रिपोर्ट आने से पहले ही तनवी को पासपोर्ट जारी करने के मामले ने तूल पकड़ लिया है।पासपोर्ट जारी होने के बाद सोशल मीडिया में उनका निवास स्थान और नाम वायरल हुआ। क्षेत्रीय पासपोर्ट अधिकारी से बड़ी चूक तब हुई कि जब उन्होंने पुलिस रिपोर्ट आने से पहले ही तनवी सेठ को पासपोर्ट सौंप दिया, जबकि तनवी सेठ ने साधारण सेवा के तहत पासपोर्ट के लिए आवेदन किया था। इसमें आवेदक के पक्ष में पुलिस रिपोर्ट आने के बाद ही पासपोर्ट बनाने का प्रावधान है। इन्हीं सब विवादों को लेकर विदेश मंत्रालय ने सोमवार को उन्हें अपना पक्ष रखने के लिए बुलाया है।
तनवी सेठ ने दस्तावेज के रूप में जो आधार कार्ड अटैच किया है उसमें आवेदनकर्ता का नाम तनवी सेठ का उल्लेख है। यानी आधार कार्ड के हिसाब से तनवी को पासपोर्ट जारी करना सही बताया जा रहा है।तनवी को पासपोर्ट जारी करने के बाद पुलिस सत्यापन के लिए प्रपत्र भेज गया है। ऐसे में तनवी सेठ ने फार्म पर जिस पते का उल्लेख किया है अगर, उसकी पुष्टि नहीं होती है तो पुलिस की प्रतिकूल रिपोर्ट आएगी। इसके आधार पर पासपोर्ट निरस्त हो सकता है। सहायक पासपोर्ट अधिकारी विकास मिश्रा का तबादले रुकने की चर्चा है। उल्लेखनीय है कि तनवी का पासपोर्ट स्वीकृत न करने के आरोप में विकास मिश्रा का लखनऊ पासपोर्ट सेवाकेंद्र से गोरखपुर तबादला कर दिया गया था। सूत्रोें ने बताया कि विदेश मंत्रालय ने यह तबादला तब तक रोक दिया गया है जब तक तनवी सेठ विवाद का पटाक्षेप न हो जाए।







