लखनऊ 23 जनवरी 2021: स्वतंत्रता संग्राम सेनानी नेताजी सुभाष चन्द्रबोस की 125वीं जयन्ती आज यहां प्रदेश कांग्रेस मुख्यालय में मनायी गयी। कार्यक्रम की शुरूआत नेताजी के चित्र पर पुष्प अर्पित कर हुई। कार्यक्रम का संचालन प्रदेश कांग्रेस के प्रवक्ता बृजेन्द्र कुमार सिंह ने किया।
इस मौके पर नेताजी सुभाष चन्द्र बोस को श्रद्धासुमन अर्पित करते हुए पूर्व विधायक श्री श्यामकिशोर शुक्ल ने कहा कि महान स्वतंत्रता संग्राम सेनानी नेताजी सुभाष चन्द्र बोस दो बार भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष निर्वाचित हुए। वह इतने मेधावी व प्रतिभावान थे कि 1920 में उन्होने इंग्लैण्ड में सिविल सर्विस परीक्षा पास की थी। परन्तु देश को अंग्रेजों के चंगुल से आजाद कराने के लिए कांग्रेस पार्टी से जुड़ गये और जीवन पर्यन्त देश सेवा में लगे रहे।
जयन्ती को सम्बोधित करते हुए पूर्व मंत्री श्री आरके चौधरी ने कहा कि नेताजी सुभाष चन्द्र बोस भारतीय जनमानस के सर्वमान्य नेता थे। उन्होने कहा कि आज कुछ ऐसे दल हैं जिन्होने आजादी की लड़ाई में रत्ती भर भी योगदान नहीं दिया और राष्ट्रवाद का ढिंढोरा पीटते रहते हैं। ऐसे ही लोग आज नेताजी सुभाष चन्द्र बोस को लेकर गलतफहमियां समाज में फैला रहे हैं और स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों का अपमान कर रहे हैं।
उन्होने कहा कि पं. जवाहर लाल नेहरू और नेताजी को लेकर तमाम गलत फहमियां जो समाज में पैदा की जा रही हैं उसको मिटाने की जरूरत है। उन्होने एक घटना को उद्धृत करते हुए कहा कि पं. नेहरू की पत्नी श्रीमती कमला नेहरू जब बहुत बीमार थीं उस वक्त पं. नेहरू जेल में थे ऐसे समय पं. नेहरू ने सुभाष बाबू को याद कर चिट्ठी लिखी जिसके बाद सुभाष बाबू ने श्रीमती कमला नेहरू का इलाज विदेश में करवाया। यह उनकी मित्रता और कांग्रेस के नेताओं के प्रति प्रेम और सम्मान का एक उदाहरण है।
इस मौके पर अनु. जाति विभाग के चेयरमैन आलोक प्रसाद, संगठन सचिव डा. संजीव शर्मा, शमशाद आलम, विजय कनौजिया, अन्नू सोनी, मो. शोएब खान, अनीस अख्तर मोदी सहित तमाम लोग मौजूद रहे।







