लखनऊ 20 सितम्बर। माल थानाक्षेत्र के पकरा बाजार गांव में मंगलवार दोपहर अम्बेडकर की मूर्ति स्थापित किए जाने से बवाल हो गया। दलित समुदाय ने मूर्ति को चोरी-चुपके बीती सोमवार रात ग्राम समाज की जमीन पर स्थापित किया था। दूसरे समुदाय की नजर पड़ी तो उसने विरोध जताया। दोनों पक्षों के सैकड़ों लोग एकत्र होने के बाद आमने-सामने हो गए। इनमें महिलाएं व बच्चे भी थे। हंगामा बढ़ा तो पुलिस व जिला प्रशासन के अधिकारी मौके पर पहुंचे। उन्होंने भी मूर्ति रखे जाने का विरोध किया। जिससे दलित समुदाय के लोग भड़क गए। पुलिस ने उन्हें शांत कराने की कोशिश की लेकिन महिलाएं नहीं मानी तो पुलिस ने उन्हें खदेड़ दिया। बाद में उन्होंने भी पुलिस से भिड़ने की कोशिश की। फिलहाल घंटो चले बवाल के बाद आला अधिकारियों ने इलाके को अपने कब्जे में ले लिया। फिलहाल एहतियातन गांव में तनाव को देखते हुए भारी संख्या में फोर्स तैनात कर दी गयी है।
हमारे प्रतिनिधि के मुताबिक दलित समुदाय के लोग गांव के बाहर ग्राम समाज की सुरक्षित जमीन पर अम्बेडकर की मूर्ति स्थापित करना चाहते थे। इसके लिए पिछले दो दिनों से तैयारियां चल रहीं थीं। बीती सोमवार रात चुपके से मूर्ति स्थापित कर दी गयी। जिसकी दलित समुदाय ने जिला प्रशासन से कोई अनुमति नहीं ली थी। उधर मंगलवार सुबह दूसरे समुदाय के लोगों ने मूर्ति स्थापित देखी तो बवाल काट दिया। हंगामा बढ़ा और दोनों पक्षों के लोग गांव के बाहर भारी तादात में एकत्र होने लगे। इनमें महिलाएं, बच्चे व बुजुर्ग भी शामिल थे। दलित समुदाय मूर्ति हटाने को तैयार नहीं था। जबकि दूसरा पक्ष मूर्ति हटाने पर अड़ा था। बवाल बढ़ने पर मामले की भनक पुलिस को लगी तो करीब 12 बजे एसडीएम जेपी यादव, सीओ मलिहाबाद पीके सिंह, तहसीलदार धु्रव कुमार, कई थानों की फोर्स के साथ गांव पहुंचे। उन्होंने भी मूर्ति बिना इजाजत के रखे जाने का विरोध किया। बताया जाता है कि जिस जगह मूर्ति स्थापित की गयी थी, उसी जगह पुराना मंदिर है। उधर दलित मूर्ति हटाने को तैयार नहीं हुए और हंगामा काटने लगे। तब पुलिस ने उन्हें खदेड़ने की कोशिश की।
इसी दौरान महिलाएं पुलिसकर्मियों से भिड़ गयीं। मामला बिगड़ता देख अधिकारियों ने देर रात स्थापित की गयी मूर्ति को अपने कब्जे में लेकर थाने भिजवा दिया। इसे लेकर दलित समुदाय में काफी रोष था। एहतियात के तौर पर पीएसी तैनात कर दी गयी है। मूर्ति स्थापित करने वाले लोगों को सलाह दी गयी है कि मूर्ति स्थापित करने के लिए शासन से आदेश लाना होगा।







