नीतीश कुमार राज्यसभा की ओर: बिहार में BJP का पहला CM आने वाला?
पटना/नई दिल्ली, 7 मार्च 2026: बिहार की राजनीति में एक और बड़ा ट्विस्ट देखने को मिला है ! मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने 5 मार्च को राज्यसभा चुनाव 2026 के लिए नामांकन दाखिल कर दिया। गृह मंत्री अमित शाह की मौजूदगी में पटना में यह कदम उठाया गया, जहां JDU के रामनाथ ठाकुर, BJP के नितिन नवीन, शिवेश कुमार और उपेंद्र कुशवाहा ने भी पर्चा भरा। नीतीश ने X पर पोस्ट कर कहा कि 20 साल से ज्यादा समय तक बिहारवासियों का भरोसा जीता, अब विधानमंडल और संसद के दोनों सदनों का सदस्य बनने की पुरानी इच्छा पूरी कर रहे हैं। नई सरकार को उनका पूरा सहयोग रहेगा।
यह फैसला नीतीश के 10वीं बार CM बनने के महज 3-4 महीने बाद आया है। सूत्रों के मुताबिक, वह 10-14 मार्च के बीच इस्तीफा दे सकते हैं, क्योंकि मौजूदा RS सदस्यों का कार्यकाल अप्रैल में खत्म हो रहा है और चुनाव 16 मार्च को हैं।

माननीय @NitishKumar जी को लगातार 9वीं बार मुख्यमंत्री, @samrat4bjp जी एवं @VijayKrSinhaBih जी को उपमुख्यमंत्री एवं सभी नवनिर्वाचित मंत्रियों को हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं! मोदी जी के मार्गदर्शन में डबल इंजन की सरकार अब “विकसित बिहार-सशक्त बिहार” को नई ऊंचाइयों तक ले जाएगी! बिहार बदलेगा, बिहार बढ़ेगा!
BJP अब रहेगी ड्राइवर सीट पर?
बता दें कि यह बदलाव ऐतिहासिक है बिहार में पहली बार BJP का मुख्यमंत्री बनेगा। NDA की 202 सीटों की मजबूत बहुमत वाली सरकार में BJP (89 विधायक) अब CM पद पर काबिज होने की तैयारी में है। संभावित उम्मीदवार OBC/EBC बैकग्राउंड से हो सकते हैं, जैसे सम्राट चौधरी, विजय कुमार सिन्हा या अन्य। नीतीश के बेटे निशांत कुमार JDU जॉइन कर सकते हैं और पार्टी में बड़ी जिम्मेदारी (शायद डिप्टी CM) मिल सकती है।
क्या कहता है विश्लेषण: नीतीश के ‘पलटीमार’ इमेज वाले दौर का अंत? या BJP उनसे ‘ऊब’ गई?
नीतीश ने 2005 से अब तक 10 बार CM पद संभाला, लेकिन इस बार BJP ने चुनाव में उन्हें CM फेस नहीं बनाया था। अब NDA की जीत के बाद BJP केंद्र में नीतीश को RS भेजकर राज्य पर सीधा कंट्रोल चाहती है। यह NDA सहयोगियों के लिए ‘चेतावनी’ जैसा है माना जा रहा है कि सत्ता में रहकर भी इस्तेमाल होकर किनारे लग सकते हैं।
JDU कार्यकर्ताओं में नाराजगी है : कुछ ने पार्टी ऑफिस पर विरोध जताया, पोस्टर लगाए। लेकिन नीतीश RS से केंद्र में प्रभाव बनाए रख सकते हैं।
सत्ता की धुरी तेजी से बदल रही है बिहार अब नए युग में है जहां विकास की बात जारी है, लेकिन सत्ता की जंग तेज। क्या BJP OBC/EBC में अपनी पकड़ मजबूत कर पाएगी, या विपक्ष ‘धोखा’ का मुद्दा बनाएगा? नजरें अगले कुछ दिनों पर जहां जल्द ही तस्वीर साफ़ हो जाएगी बस इन्तजार करना है !







