गुरुग्राम : सैमसंग भारत ने देशभर के मेधावी छात्रों को सम्मानित किया। Samsung Innovation Campus कार्यक्रम के तहत 30 टॉपर्स को AI, कोडिंग, IoT और बिग डेटा जैसे कोर्सेज में शानदार प्रदर्शन के लिए प्रत्येक को 1 लाख रुपये का पुरस्कार दिया गया।
20,000 छात्रों में से चुने गए 30 टॉपर्स
इस बार 20,000 छात्र-छात्राओं ने ट्रेनिंग ली। इनमें से 4 नेशनल टॉपर्स, 26 राज्य टॉपर्स और 1 सोशल मीडिया चैंपियन चुने गए। ये छात्र 10 अलग-अलग राज्यों से हैं, जो दिखाता है कि अब टेक्नोलॉजी की प्रतिभा सिर्फ बड़े शहरों तक सीमित नहीं रही।
JB Park का प्रेरक संदेश
समारोह में Samsung दक्षिण-पश्चिम एशिया के CEO JB Park ने छात्रों को संबोधित करते हुए कहा, “आप सिर्फ स्टूडेंट्स नहीं, भविष्य के इंजीनियर, एंटरप्रेन्योर और CEO हो। AI और कोडिंग अब कल की नहीं, आज की स्किल्स हैं।”
छात्रों की inspiring कहानियां
- ऐश्वर्या संजय (कर्नाटक): AI का इस्तेमाल कर किसानों को बाजार तक बेहतर पहुंच बनाने का मॉडल बनाया।
- शिवम सिंह (उत्तर प्रदेश): IoT और साइबर सिक्योरिटी सीखकर होम ऑटोमेशन प्रोजेक्ट किए और सरकारी इंटर्नशिप हासिल की।
- देव उप्पल (दिल्ली) और वंशिका राघव (हरियाणा): प्रोग्राम से मिले आत्मविश्वास और स्किल्स की तारीफ की।
सैमसंग की CSR पहल
Samsung Innovation Campus भारत सरकार के Skill India और Digital India मिशन से जुड़ा कार्यक्रम है। इसका मकसद युवाओं को भविष्य की जरूरी तकनीकी स्किल्स सिखाना है ताकि वे आत्मनिर्भर भारत के निर्माण में योगदान दे सकें।
छात्रों को Samsung के R&D सेंटर और डिजाइन स्टूडियो का भी दौरा कराया गया, जहां उन्होंने टेक्नोलॉजी लीडर्स से सीधे संवाद किया।
यह पुरस्कार न सिर्फ छात्रों की मेहनत को सराहता है बल्कि युवा पीढ़ी को बेहतर भविष्य बनाने की दिशा में सैमसंग की मजबूत प्रतिबद्धता को भी दिखाता है।
फिलहाल टेक्नोलॉजी का भविष्य अब छोटे शहरों और गांवों से भी उभर रहा है!







