राजस्थान सरकार के गृहमंत्री गुलाबचंद कटारिया ने कहा कि हमारी पुलिस ने बहादुरी से मुकाबला करते हुए अपराधी का एनकाउंटर किया है. अगर हम इसकी सीबीआई जांच कराते हैं तो उनके मनोबल पर असर पड़ेगा और पुलिस काम नहीं करेगी. कटारिया ने यू टर्न लिया है. ये वही गृहमंत्री हैं जिन्होंने एलान किया था कि सरकार सभी तरह की जांच के लिए तैयार है चाहे जिससे करा लो।

पुलिस फायरिंग को सही ठहराते हुए गृहमंत्री कटारिया ने बुधवार को कहा कि एस पारिस देशमुख को खबर मिली थी कि रेलवे स्टेशन पर जीआरपी के सिपाहियों को कमरे में बंद कर आग लगा सकते हैं तो वो बिना फोर्स के ही उनको बचाने के लिए निकल पड़े थे, लेकिन भीड़ जब वापस लौट रही थी तो एसपी की गाड़ी देखकर उग्र हो गए और मारपीट करने लगे. एसपी के बचाव में गार्ड ने फायरिंग की।
कटारिया ने कहा कि अगर लोग एनकाउंटर की सीबीआई जांच करवाना चाहते हैं तो कोर्ट का दरवाजा खुला है वो कोर्ट जाएं. लेकिन यहां ये बता दें कि सरकार ने कोर्ट में सीबीआई जांच की मांग रुकवाने के लिए वकीलों की फौज तैयार कर ली है. मंगलवार को ही राजस्थान सरकार ने हाई कोर्ट में आनंदपाल के सीबीआई जांच के किसी भी तरह के मामले की सुनवाई के लिए कैविएट दायर कर दी है।
गौरतलब है कि फायरिंग में रोहतक के एक व्यक्ति की मौत हो गई और तीन घायल हैं. गौरतलब है कि पहले सरकार ने कहा था कि पुलिस की तरफ से कोई फायरिंग नहीं हुई है बल्कि भीड़ में ही किसी ने फायरिंग की है. कटारिया ने लोगों से अपील की कि समाज के नाम पर किसी अपराधी का साथ नही दें और समाज के दूसरे लोग ऐसे लोगों को रोकें. अगर ऐसा नही हुआ तो पुलिस के लिए काम करना मुश्किल हो जाएगा।







