ऊर्जामंत्री ने कहा गम्भीरता से होगा विचार, सरकार हर सुधाररूपी प्रस्ताव पर विचार की पक्षधर
प्रदेश में बिजली क्षेत्र में निजीकरण की हलचल के बीच उपभोक्ता परिषद ने प्रदेश के ऊर्जा मंत्री से की मुलाकात और कहा बिजली क्षेत्र को बिना निजीकरण किए सरकारी क्षेत्र में ही जबाबदेही व पारदर्शी नीति लागु कर उसमे किया जा सकता वयापक सुधार उपभोक्ता परिषद् ऐसा प्रस्ताव देने को तैयार ।
बिजली विभा के निजीकरण के मुद्दे पर यूपी में उबाल है इस मसले पर उपभोक्ता परिषद् ने कहा कि ऊर्जा क्षेत्र में बिना निजीकरण किए वर्तमान वयवस्था में पारदर्शी नीति लागू कर सभी की जबाबदेही तय कर सरकारी क्षेत्र में ही बिजली विभाग में बड़ा सुधार किया जा सकता है।
उप्र राज्य विद्युत उपभोक्ता परिषद के अध्यक्ष व राज्य सलाहकार समिति के सदस्य अवधेश कुमार वर्मा ने प्रदेश के ऊर्जा मंत्री श्री श्रीकांत शर्मा से शक्ति भवन मे मुलाकात कर बात की और एक ज्ञापन सौपते हुए कहा जब भी निजीकरण की बात होती है। चाहे वह उपभोक्ता हो या कार्मिक सभी के मन में एक संदेह उठत्ता है कि ऐसा क्यों हो रहा है जबकि बिजली क्षेत्र में बिना निजीकरण के सार्वजानिक क्षेत्र में ही बिजली क्षेत्र में सुधार की आपार संभावनाएं है, उस पर गम्भीरता से विचार किया जाना बहुत जरूरी है।
उपभोक्ता परिषद ने कहा कि कमिया वर्तमान व्यवस्था में भी है उपभोक्ताओ का उत्पीड़न अनेकों मामलों में होता है लेकिन उस पर अंकुश लगाने के लिए वर्तमान वयवस्था में कुछ पारदर्शी बदलाव कर उस पर विराम लगाया जा सकता है जबाब देही के साथ जब वर्तमान वयवस्था में बदलाव व पारदर्शिता लागू की जाएगी।
इस मामले में ऊर्जा मंत्री श्रीकांत शर्मा ने उपभोक्ता परिषद से कहा कि सरकार लगातार सुधार की पक्षधर रही है और सुधार की दिशा में वयापक कदम उठा रही है, उपभोक्ता परिषद् कोई भी सुधार का प्रस्ताव लाएगी उस पर गंभीरता से विचार होगा।







