अय्याश बाबा की कैद में अभी भी 41 लड़कियां, मिलीं अश्लील वीडियो और किताबें 

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नई दिल्ली 22 दिसम्बर। दिल्ली के विजय विहार इलाके में अध्यात्मिक विश्वविद्यालय के नाम पर अपने अय्याशी का आश्रम चला रहे ढोंगी बाबा वीरेंद्र देव दीक्षित पर लगातार कानून का शिकंजा कसता जा रहा है। इस आध्यात्मिक विश्वविद्यालय पर की गई छापेमारी में ऐसे-ऐसे सबूत सामने आए हैं, ऐसी-ऐसी चीजें मिली हैं कि लोगों के होश फाख्ता हो जाएं। दिल्ली हाईकोर्ट के आदेश पर दिल्ली पुलिस और दिल्ली महिला की आयोग की अध्यक्ष स्वाती मालीवाल की अध्यक्षता में विश्वविद्यालय पर छापेमारी की गई और पूरे विश्वविद्यालय में तलाशी अभियान चलाया गया।

तलाशी अभियान के दौरान विश्वविद्यालय के अंदर कुछ ऐसी चीजें मिली हैं, जो कृष्ण का ढोंग रचने वाले इस बाबा वीरेंद्र देव दीक्षित को वहशी साबित कर देंगी। विश्वविद्यालय में एक मुख्य और दूसरा वीवीआईपी आश्रम है। दोनों आश्रमों को जोड़ने के लिए एक सुरंग बनाई है। इसी सुरंग के जरिए बाबा वीवीआईपी आश्रम में सुख-सुविधाओं के अलावा लड़कियों को लाने ले जाने का काम करता था। आध्यात्मिक विश्वविद्यालय के अंदर सघन तलाशी के दौरान ढेरों अश्लील वीडियो और किताबें, जोशवर्धक दवाएं और कई आपत्तिजनक सामान मिले। मिले वीडियो के जरिए ही सामने आया कि वीरेंद्र खुद को कृष्ण बताता और गोपियां बनाने के लिए अनुयायी लड़कियों को संबंध बनाने के लिए आकर्षित करता था। छापेमारी के दौरान पता चला कि अय्याश बाबा के काफिले में 9 लग्जरी कारें हैं।

अय्याश बाबा के काफिले में मर्सिडीज से लेकर ऑडी सिरीज तक की कारें शामिल हैं। छापेमारी के दौरान पुलिस ने चार लग्जरी कारें जब्त की हैं। छापेमारी के दौरान पुलिस ने विश्वद्यालय के अंदर से 30-40 मोबाइल फोन और 10-12 मेमोरी कार्ड बरामद किए। इसके अलावा पुलिस टीम को अंदर से 15-20 सिम कार्ड भी मिले हैं। सर्च टीम को विश्वविद्यालय के अंदर से कुछ चिट्ठिया भी मिली हैं, जिन्हें सील कर दिया है। हाईकोर्ट में जब यह चिट्ठियां पेश की जाएंगी तो वहशी बाबा की और कारगुजारियां भी सामने आ सकती हैं।

दिल्ली हाईकोर्ट ने विश्वविद्यालय के बैक अकाउंट के बारे में पूछा तो विश्वविद्यालय के वकील ने कहा कि विश्वविद्यालय के नाम से कोई अकाउंट नहीं है। इस पर कोर्ट ने हैरानी जताई। कोर्ट ने विश्वविदयालय के वकील को फटकार लगाते हुए कहा कि कोर्ट में सही जानकारी दें। सीबीआई को पूरे मामले की तह तक जाकर जांच करने का आदेश दिया है। पुलिस ने हाईकोर्ट को विश्वविद्यालय में रहने वाली168 महिलाओं की लिस्ट सौंपी है। इस लिस्ट में सभी महिलाओं के नाम, उनके मोबाइल नंबर, उनके परिजनों के नाम, नंबर और एड्रेस भी दिए गए हैं। पुलिस और दिल्ली महिला आयोग की टीम द्वारा विश्वविद्यालय के अंदर से मुक्त कराई 40 नाबालिगों में शामिल रोजी के परिवार वालों ने आरोप लगाया है कि आश्रम वाले 2015 से मिलने नही दे रहे हैं।

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