ताकि फिर बीमार न बने बिहार

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डॉ दिलीप अग्निहोत्री

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी बिहार में राजद और वर्तमान राजग सरकार की तुलना कर रहे है। इसके माध्यम से वह मतदाताओं को आगाह कर रहे है। राजद के समय बिहार की पहचान बीमारू राज्य के रूप में थी। नीतीश कुमार के नेतृत्व में राजग ने बिहार को इस छवि से मुक्त कराया है। यहां सुशासन की स्थापना हुई है। जंगल राज समाप्त हुआ है।

नरेंद्र मोदी ने पिछली सभाओं में विपक्ष के नेतृत्व को जंगलराज युवराज बताया था। इस बार उन्होंने डबल युवराज संबोधन किया। उनके निशाने पर कांग्रेस व राजद के युवराज थे। राजद ने बिहार को बदहाल बनाया था। नरेंद्र मोदी उसकी चर्चा करते है। जबकि कांग्रेस ने पुलमावा आतंकी हमले में अपने ही सैनिकों पर अपरोक्ष सवाल उठाए थे।

नरेंद्र मोदी ने महागठबन्धन की दोनों पार्टियों के विचारों को राष्ट्रीय हितों के प्रतिकूल बताया। कहा कि इनको देश या बिहार की नहीं केवल अपने परिवार की चिंता रहती है। नरेंद्र मोदी ने केंद्र व बिहार की वर्तमान सरकार के कल्याणकारी कार्यों का उल्लेख किया। बताया कि सरकार द्वारा करोड़ों गरीब परिवारों की सहायता हेतु अनेक योजनाओं का क्रियान्वयन चल रहा है। निर्धन परिवारों को मकान, गैस कनेक्शन बिजली कनेक्शन, भरण पोषण भत्ता, राशन आयुष्मान योजना स्वनिधि योजना का लाभ पहुंचाया जा रहा है।

मोदी ने कहा कि चालीस साल के ऊपर के लोग अपने बच्चों को पुराने दिनों की याद कराएं। बिहार में क्या वो दिन दोबारा आने देंगे। जो लोग दिन रात पैसे जोड़कर जमा किए। लेकिन शोरूम से बाहर निकलते ही नई गाड़ी देखकर कोई लूट ले जाता था। बिहार ने वह दिन देखे थे। रंगदारी की शिकायत पर दोहरी रंगदारी देनी पड़ती थी। घर जितना बड़ा, उतनी बड़ी रंगदारी। इसलिए लोगों को जंगलराज वालों से सतर्क रहना है। इन लोगों ने गरीबों के दुख को कभी समझा ही नहीं। इन लोगों ने छोटे व्यवसायियों को उनके हाल पर छोड़ दिया। पहली बार उनकी सुध ली गई है। अब उन्हें सस्ता लोन मिल रहा। स्वामित्व योजना का लाभ भी लोगों को मिल रहा है। जमीन और मकान को लेकर लगातार विवाद होता रहा है। अब मातृभाषा में मेडिकल और इंजीनियरिंग की पढ़ाई होगी। एनडीए जिसने विकास किया। एयरपोर्ट दिए, कनेक्टिवटी बढाई।

उन्होंने कहा कि जंगलराज ने घोटाला किया, राजग ने गरीबों के खाते में पैसे पहुंचाए। एक पक्ष है जो अंधेरा फिर लाना चाहता है, दूसरा पक्ष है जो  रोशनी से घरों को प्रकाशित किया है। एक पक्ष है जो बिहार को तीन मेडिकल कॉलेज के सहारे चलाया। दूसरा पक्ष है जो लगातार मेडिकल कॉलेज खोलने का काम कर रहा। भगवान राम के अस्तित्व पर सवाल उठाने वाले हमेशा विरोध ही करते है। लेकिन अब राम मंदिर भी बन रहा है। उनके विरोध के बाद भी कश्मीर में सुधार किया गया।

अब यही लोग आत्मनिर्भर भारत और बिहार की राह में रोड़ा बन रहे, उन्हें लोकतांत्रिक तरीके से सबक सिखाया जाए। बीते सालों में इस पूरे क्षेत्र में सड़क बिजली पानी जैसी सुविधा पहुंच पाई। यह सब नीतीश बाबू के नेतृत्व में हो पाया। पहले पानी से कितनी बीमारी होती थी। लेकिन यह सब दूर हुआ। अब पाइप से पानी पहुंचाने का काम शुरू हुआ। गरीबों को पचपन हजार से ज्यादा पक्के घर दिए जा चुके हैं। चार लाख बहनों को गैस कनेक्शन दिया गया है। ढाई लाख किसानों के खाते में दो सौ करोड रुपये जमा कराए गए। यानी हर गरीब परिवार तक सरकार पहुंची है।

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