शेरों- शायरी
- हो तुम्हारी तरफ़ से भी मोहब्बत बेपनाह तो बात बने।
मैं ही मैं करूँ तो कितना करूँ तुम भी शामिल रहो तो बात बने।।
- काश् वो होते कभी करीब हमारे।
हम भी होते खुशनसीब जहाँ में।।
- बड़ी बेसब्री से हमें उनका इंतेजार है।
एक घंटे का वक्त भी लगे एक वार है।।
- आवाजें उठ रहीं हैं बहुत सी तेरे खिलाफ़।
बस ये मोहब्बत ही है जो मैं तुम्हारे साथ।।
- तुम वो तुम न थे जो तुम मेरे तुम थे।
तुम तो निकले वो तुम जो तुम तुम थे।।
- आ जा कि तेरी यादों में खोने के पहले।
मैं, मैं ही रहूँ कि तेरे आने के पहले।।
- तुमने कभी न चाहा था बस हमको ही फितूर था।
तू आज भी उतना दूर है जितना पहले दूर था ।।
- उनका वादा दावा ही रहता है हवा में रहता है।
कभी इन्हें ज़मीन पे उतरते मैंने नहीं देखा।।
- बस बरसता रहे दिल से प्यार तेरा।
और कुछ न चाहिये जो तू है मेरा।।
- जी लूँगा मैं बस तुम्हारी खुशी देखकर।
इससे ज्यादा मुझे कुछ और न चाहिये।।
- हम प्यार करेंगे तुमको देख लेना जतन से।
तुम इस प्यार को तवज्जों दोगे सच्चे मन से।।
- राहुल गुप्ता







