एनयूजे की कार्यशाला में पत्रकारिता की भाषा, फेक न्यूज और खबरों की जांच पर चर्चा; विशाल सिंह बोले- बिना पुष्टि के सूचना न करें प्रसारित
लखनऊ। आज के दौर में खबर सबसे पहले देने से ज्यादा जरूरी है सही खबर देना। आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) पत्रकारों का काम आसान बना सकता है, लेकिन उससे मिली हर जानकारी सही हो, यह जरूरी नहीं है। इसलिए खबर प्रकाशित या प्रसारित करने से पहले उसकी जांच करना बेहद जरूरी है। यह बात सूचना एवं जनसंपर्क विभाग के निदेशक विशाल सिंह ने शनिवार को पत्रकारों की एक कार्यशाला में कही।
नेशनल यूनियन ऑफ जर्नलिस्ट्स (इंडिया), उत्तर प्रदेश की लखनऊ इकाई ने सूचना एवं जनसंपर्क विभाग के सहयोग से इस कार्यशाला का आयोजन किया। इसमें एआई के इस्तेमाल, सोशल मीडिया पर फर्जी खबरों, भाषा की गलतियों और पत्रकारिता की विश्वसनीयता पर चर्चा हुई।
छोटी गलती से बदल सकता है खबर का अर्थ
वरिष्ठ पत्रकार प्रभात रंजन दीन ने कहा कि खबर लिखते समय सही शब्दों का इस्तेमाल करना बहुत जरूरी है। मात्रा या शब्द की छोटी-सी गलती भी खबर का अर्थ बदल सकती है। उन्होंने पत्रकारों को भाषा पर ध्यान देने और केवल दूसरों की खबर दोहराने के बजाय नए तथ्यों की तलाश करने की सलाह दी।
पत्रकारिता पर कारोबारी दबाव की चिंता
टीवी नेटवर्क 10 के संपादक संजय गिरि ने कहा कि मीडिया पर कारोबारी हितों का असर बढ़ने से खबरों की निष्पक्षता प्रभावित हो सकती है। पत्रकारिता की स्वतंत्रता और विश्वसनीयता बनाए रखने के लिए इस विषय पर गंभीरता से विचार करने की जरूरत है।
फेक न्यूज पकड़ने में मददगार है एआई
आईटी विशेषज्ञ डॉ. अजेय सिंह ने कहा कि एआई और डिजिटल तकनीक की मदद से फर्जी खबरों की पहचान की जा सकती है। पत्रकारों को तकनीक का इस्तेमाल खबर की सच्चाई जानने और उसके पीछे के तथ्यों को सामने लाने के लिए करना चाहिए। उन्होंने तकनीकी जानकारी उपलब्ध कराने में टाटा समूह की ओर से सहयोग का आश्वासन भी दिया।
एआई विशेषज्ञ अंबरीष श्रीवास्तव ने कहा कि तकनीक का सही इस्तेमाल फायदेमंद है, लेकिन उस पर पूरी तरह निर्भर रहना ठीक नहीं। खबर की सच्चाई परखने के लिए पत्रकारों का अपना ज्ञान और अनुभव भी जरूरी है।
कार्यशाला में वक्ताओं ने कहा कि सोशल मीडिया और एआई के कारण खबरें तेजी से फैल रही हैं। ऐसे में पत्रकारों की जिम्मेदारी और बढ़ गई है। कार्यक्रम में एनयूजे उत्तर प्रदेश के संरक्षक वीरेंद्र सक्सेना, प्रदेश अध्यक्ष सुरेंद्र दुबे, महामंत्री बिजेंद्र शर्मा, कोषाध्यक्ष अरुण अवस्थी सहित संगठन के पदाधिकारी और पत्रकार मौजूद रहे।







