भले ही हम कितनी अच्छे से नींद क्यों न ले रहे हो, लेकिन यदि नींद अचानक से मध्य रात्रि में खुल जाये तो हम बहुत हैरान हो जाते हैं। जी हाँ ऐसे इस दुनिया में कुछ लोग हैं जिन्हें नींद बहुत अच्छी आती है। रात को बार-बार नींद खुलने को हम नजरअंदाज कर देते हैं और इसे सामान्य घटना मान लेते हैं। इसीलिए आज हम जानेंगे रात को नींद खुलने के पीछे का कारण।
हमारा सोने का समय और अवधि दोनों हमारे शारीरिक और भावात्मक गतिविधियों के बारे में बताती है। आइये जाने नींद खुलने और नींद न आने का समय और कारण:
रात 9 से 10 के बीच
यदि रात्रि के इस समय किसी को नींद नहीं आती या सोने में परेशानी होती है तो इसका प्रमुख कारण है हमारा मानसिक तनाव। इसे दूर करने के लिए हमें प्रतिदिन ध्यान और योग करना चाहिए। इससे मानसिक तनाव दूर होंगे।
रात 11 से 1 के बीच
रात्रि के इस दिन यदि निद्रा अचानक खुल रही है तो ये हमारे भीतर चल रहे भावनात्मक द्वन्द को दर्शाता है। चीन की चिकित्सीय विद्या के अनुसार इस समय पित्ताशय सक्रिय होता है। इस समय अच्छी शक्ति हमें कहना चाहती है की हमें मंत्र का जप करना चाहिए और हम जैसे है वैसे ही खुद को स्वीकार करें।
रात 1 से 3 के बीच
रात्रि के इस समय निद्रा भंग होना हमारे अंदर दबे क्रोध को दर्शाता है। हमारे अंदर स्थित ऊर्जा का सम्बन्ध हमारे फेफड़े से है, और इस कारण हमारी क्रोध रूपी ऊर्जा हमें नुकसान पहुंचा सकती है। इसलिए हमें सोने से पूर्व एक गिलास ठन्डे पानी पीना चाहिए और नित्य दिन ध्यान करना चाहिए।
- इन उपायों का अनुसरण करने से हमें किसी भी प्रकार से नुकसान नहीं होगा और हम अच्छी तरीके से नींद ले सकते हैं।
- ये समस्त जानकारियां चीनी विद्या के अनुसार है।