मुश्किलों को जिसने हँसकर हराया,
धरती से नभ तक परचम लहराया।
हौसलों की उड़ान भरी अंतरिक्ष तक,
नई राहों को जिसने अपना बनाया।
धरती का गौरव, गगन का सितारा,
एक ही नाम है सबसे प्यारा।
धैर्य की मूरत, साहस की कहानी,
वो नाम सुनिता, जो सब पर छाया।
- दिलीप पाटिल ऐडवोकेट







