अनुशासन, संवेदनशीलता और मानवता से निभाएं कर्तव्य: मंत्री
लखनऊ, 22 मार्च 2026। डॉ. सम्पूर्णानन्द कारागार प्रशिक्षण संस्थान में 121वें सत्र के डिप्टी जेलर और 178वें सत्र के जेल वार्डरों की दीक्षांत परेड आज भव्य रूप से संपन्न हुई। मुख्य अतिथि प्रदेश के कारागार मंत्री दारा सिंह चौहान ने 119 प्रशिक्षुओं (4 डिप्टी जेलर और 115 जेल वार्डर) को नई चुनौतियों के लिए प्रेरित किया।
मंत्री ने संबोधन में कहा, “यह परेड सिर्फ प्रशिक्षण का अंत नहीं, बल्कि सुधार, पुनर्वास और मानवीय दृष्टिकोण के साथ नई जिम्मेदारियों की शुरुआत है।” उन्होंने अनुशासन, कार्यकुशलता और टीम वर्क पर विशेष जोर देते हुए महिला प्रशिक्षुओं के उत्कृष्ट प्रदर्शन की सराहना की।
सर्वश्रेष्ठ प्रशिक्षुओं का सम्मान
- अधिकारी संवर्ग में सर्वश्रेष्ठ: शशिकांत (डिप्टी जेलर, उत्तर प्रदेश)
- जेल वार्डर संवर्ग में सर्वश्रेष्ठ: सुश्री कविता जलाल (टिहरी गढ़वाल, उत्तराखण्ड)
कार्यक्रम में महानिदेशक कारागार पी.सी. मीना ने बताया कि यह एशिया का पहला जेल प्रशिक्षण संस्थान (1940 में स्थापित) है, जहां अब तक हजारों अधिकारियों-कर्मचारियों को प्रशिक्षित किया जा चुका है। राष्ट्रीय रक्षा विश्वविद्यालय के साथ समझौते से अब स्नातकोत्तर डिप्लोमा भी मिल रहा है।
यह दीक्षांत समारोह न केवल नए प्रशिक्षुओं के लिए मील का पत्थर है, बल्कि कारागार विभाग की संवेदनशील और सुधारोन्मुखी भूमिका को मजबूत करने का संकल्प भी है।






