नई दिल्ली, 16 जुलाई 2018: अस्वस्थता के चलते राज्यसभा के नेता अरुण जेटली संसद के महत्वपूर्ण मॉनसून सत्र में शामिल नहीं हो पाएंगे। भाजपा के सामने मुश्किल यह है कि राज्यसभा में अरुण जेटली का स्थान कौन लेगा। मॉनसून सत्र 18 जुलाई को शुरू हो कर 10 अगस्त को खत्म हो रहा है। अरुण जेटली की गत 14 मई को एम्स में किडनी प्रत्यारोपण सर्जरी की गई थी, जिसके बाद वह डॉक्टरों की सलाह पर आराम कर रहे हैं। उनके स्थान पर भाजपा को उन्हीं के कद के किसी जानकार नेता का चयन करना है।
गौरतलब है कि इस समय राज्यसभा के नेता की भूमिका काफी महत्वपूर्ण हो गई है, क्योंकि मॉनसून सत्र में कई महत्वपूर्ण मसलों पर विपक्ष सरकार को घेरने की कोशिश करेगा। देश में अफवाहों के आधार पर मॉब लिंचिंग की घटनाएं तेजी से बढ़ी हैं। जम्मू-कश्मीर में भाजपा-पीडीपी की सरकार गिर चुकी है। कश्मीर घाटी में आतंकी घटनाओं में तेजी आई है।
सरकार मॉनसून सत्र में कई महत्वपूर्ण विधेयक पारित कराने की कोशिश करेगी। सरकार राज्यसभा में ट्रिपल तलाक बिल को आगे बढ़ाने की कोशिश करेगी, हालांकि उसके पास इस सदन में पर्याप्त संख्या नहीं है। राज्यसभा में विपक्ष के सांसदों की संख्या एनडीए से ज्यादा है। बताया जा रहा है कि भाजपा अध्यक्ष अमित शाह ने पिछले सप्ताह जेटली इस बारे में चर्चा की है कि राज्यसभा में उनकी जिम्मेदारी किसे सौंपी जाए। सूत्रों के अनुसार एक प्रस्तावित नाम केंद्रीय मंत्री विजय गोयल का भी है। विपक्ष में गुलाम नबी आजाद, पी चिदंबरम, मनमोहन सिंह, अम्बिका सोनी, शरद यादव जैसे वरिष्ठ और कद्दावर नेताओं के सामने गोयल शायद उपयुक्त नेता न साबित हों।
रविशंकर प्रसाद बन सकते हैं जेटली का विकल्प
सूत्रों के मुताबिक ऐसी कई विवशताओं को देखते हुए भाजपा आईटी और कानून मंत्री रविशंकर प्रसाद को अस्थायी तौर पर अरुण जेटली का विकल्प बना सकती है। एक वरिष्ठ भाजपा नेता ने कहा राज्यसभा के सभी भाजपा नेताओं में मानसून सत्र को संभालने के लिए रविशंकर प्रसाद सबसे काबिल व्यक्ति हैं, क्योंकि इस सत्र में विपक्ष यह सुनिश्चित करने की पूरी कोशिश करेगी कि कोई कामकाज नहीं होने पाए।
विपक्ष भी जेटली की अनुपस्थिति का फायदा उठाने को तैयार दिखता है। कांग्रेस के एक वरिष्ठ नेता ने कहा जेटली विपक्ष के सामने तर्क के साथ आते हैं और सरकार के पक्ष को किसी सेल्समैन की तरह पेश करते हैं। कोई और आया तो यह विपक्ष के लिए फायदे की बात ही होगी।







