नई दिल्ली। दक्षिण अफ्रीका से पहले टेस्ट में मिली शिकस्त के बाद मुख्य कोच गौतम गंभीर पर हो रही तीखी आलोचना से भारतीय बल्लेबाजी कोच सितांशु कोटक नाराज़ हैं। उन्होंने साफ कहा कि कुछ लोग निजी एजेंडे के तहत गंभीर को लगातार टारगेट कर रहे हैं, जो गलत है।
कोटक ने दूसरे टेस्ट से एक दिन पहले कहा, “बस गौतम गंभीर, गौतम गंभीर… मैं स्टाफ का हिस्सा हूँ, इसलिए मुझे बहुत बुरा लग रहा है। यह तरीका ठीक नहीं। कई बार तो साफ लगता है कि पीछे कोई एजेंडा चल रहा है। जिन्हें चलाना है, शुभकामनाएँ, लेकिन यह बहुत गलत है।”
कोलकाता टेस्ट की पिच विवाद पर भी सिर्फ गंभीर को ही घेरा जा रहा है, जबकि 124 रन के छोटे लक्ष्य का पीछा करते हुए पूरी टीम ढह गई। कोटक ने हैरानी जताई कि बल्लेबाज़ों की नाकामी या गेंदबाज़ों की कमज़ोरी पर कोई सवाल नहीं उठ रहा।
उन्होंने गंभीर की तारीफ करते हुए कहा, “पिछले मैच में गंभीर ने सारा ठीकरा खुद पर ले लिया ताकि क्यूरेटर बच जाएँ। यह बहुत बड़ा दिल दिखाता है।”
सौराष्ट्र के पूर्व लेफ्ट-हैंड बल्लेबाज़ कोटक ने मौजूदा बल्लेबाज़ी संकट का कारण भी बताया: “पिछले 15 साल में टी20 क्रिकेट के कारण तकनीक और मानसिकता बदल गई है। टेस्ट में फुटवर्क सबसे अहम है, टी20 में पावर हिटिंग। जो खिलाड़ी तीनों फॉर्मेट खेल रहे हैं, उनके लिए टेस्ट की अलग तकनीक अपनाना मुश्किल हो रहा है।”
कोटक का साफ़ कहना है – हार सामूहिक है, दोष सिर्फ एक व्यक्ति पर थोपना अन्याय है।







