लखनऊ, 12 दिसंबर : उत्तर प्रदेश पावर ऑफिसर्स एसोसिएशन की तरफ से वितरण निगम सुधार मॉडल तैयार किया जा रहा है इसके सभी पहलुओं पर संगठन के वरिष्ठ अभियंताओं व सेवानिर्वत योग्य अभियंताओं से भी चर्चा के बाद अंतिम रूप दिया जा रहा है संगठन ने उत्तर प्रदेश सरकार व पावर कार्पोरेशन प्रबंधन से मांग की है कि संगठन द्वारा तैयार किए जा रहे वितरण निगम सुधार मॉडल पर यदि कार्य योजना बनाकर कार्य किया जाए तो निश्चित तौर पर बिजली कंपनियों को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में एक कीर्तमान स्थापित होगा संगठन का मत शुरू से रहा है कि यदि कहीं भी उपभोक्ता सेवा में सुधार की दिशा में अभियंताओं या कार्मिकों द्वारा कोई भी लापरवाही की गई है या चूक की गई है तो उसमें सुधार किया जाएगा और जिन वित्तीय पैरामीटर की वजह से बिजली कंपनियों की आर्थिक स्थिति बिगड रही है उस पर गहन अध्ययन करने के बाद एक मॉडल तैयार किया जा रहा है जो बिजली कंपनियों को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में मिल का पत्थर साबित होगा।
इस सम्बन्ध में उत्तर प्रदेश पावर ऑफिसर्स एसोसिएशन के कार्यवाहक अध्यक्ष अवधेश कुमार वर्मा महासचिव ने कहा कि पावर ऑफिसर एसोसिएशन का हमेशा से मत रहा है की बिजली कंपनियों में सुधार हो उपभोक्ता सेवा में व्यापक सुधार हो बिजली कंपनियों के घाटे पर और बिजली कंपनियों मे वितरण हानियां सहित अन्य गंभीर मामलों पर संगठन लगातार अध्ययन कर रहा है और देश के दूसरे राज्यों में जिन बिजली कंपनियों मे व्यापक सुधार हुआ है उसके आधार पर भी एक वितरण निगम सुधार मॉडल तैयार कर रहा है जिसके आधार पर बिजली कंपनियों को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में संगठन आगे बढना चाहता है जिसमें उत्तर प्रदेश सरकार व पावर कार्पोरेशन प्रबंधन की सहभागिता जरूरी है लेकिन शर्तिया रहेगी की पावर कॉरपोरेशन सबसे पहले अपने पीपीपी मॉडल से पीछे हटे।
उन्होंने कहा कि पावर ऑफिसर एसोसिएशन निजीकरण के विरोध में हैं और उसके सभी सदस्य बिजली कंपनियों में जनप्रतिनिधियों से लगातार संपर्क कर उन्हें यह बता रहे हैं कि निजीकरण की व्यवस्था पर तत्काल रोक लगनी चाहिए।







