मुख्यमंत्री बनने के बाद योगी आदित्यनाथ से उनके अगले पड़ाव के बारे में एक प्रश्न किया गया था। तब उन्होंने कहा था कि अभी उनका अगला पड़ाव गोरक्षा पीठ ही होगा। प्रश्न राजनीतिक था, योगी ने अपनी मर्यादा के अनुरूप उसका आध्यात्मिक उत्तर दिया था। वह पूरी क्षमता से उत्तर प्रदेश के प्रति अपनी जिम्मेदारियों का निर्वाह कर रहे है। इसी के साथ उनकी आध्यात्मिक अभिरुचि भी यथावत है।

नवरात्र और विजयदशमी पर उन्होंने पांच दिन का समय गोरक्षा पीठ के लिए निकाला। यहां नाथ परम्परा के अनुरूप उन्होंने आराधना व कन्याभोज का आयोजन किया। विजयदशमी समारोह में शामिल हुए। इन पांच दिनों तक उन्होंने गोरक्ष पीठाधीश्वर के दायित्वों का नियमानुसार निर्वाह किया।
अष्टमी और नवमी पर विधिवत आराधना की। कन्याओं के चरण पखारे, उन्हें प्रसाद परोसा। उन्होंने विजय जुलूस की परम्परा के अनुरूप अगुवाई की। इसके पहले योगी ने श्रीनाथ मंदिर में पूजा अर्चना भी की थी।
- डॉ दिलीप अग्निहोत्री







