Close Menu
Shagun News India
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Tuesday, July 14
    Shagun News IndiaShagun News India
    Subscribe
    • होम
    • इंडिया
    • उत्तर प्रदेश
    • उत्तराखंड
    • राजस्थान
    • खेल
    • मनोरंजन
    • ब्लॉग
    • साहित्य
    • पिक्चर गैलरी
    • करियर
    • बिजनेस
    • बचपन
    • वीडियो
    • NewsVoir
    Shagun News India
    Home»करियर»Education

    ‘विश्व शांति’ के लिए समर्पित डाॅ. भारती गांधी

    By May 14, 2019Updated:May 14, 2019 Education 1 Comment5 Mins Read
    Facebook Twitter LinkedIn WhatsApp
    Share
    Facebook Twitter LinkedIn WhatsApp
    Post Views: 1,267

    8 अगस्त 1934 को उत्तर प्रदेश के बुलंदशहर में जन्मी डाॅ. भारती गाँधी का बचपन अत्यन्त ही कठिन परिस्थितियों एवं संघर्षों के बीच बीता। देश के बंटवारे की आग में एक ओर जहां उनके पिता को अपने ऊपर हुए हमले के कारण ब्रेन इंजरी का दर्द सहना पड़ा तो वहीं दूसरी ओर उनको लाहौर रेलवे में अपनी सिविल इंजीनियर की नौकरी भी छोड़नी पड़ी।

    कठिन परिस्थतियों में रखी पढ़ाई जारी :

    इस घटना के बाद डाॅ. भारती गाँधी के पूरे परिवार को, जिसमें उस समय ग्यारह सदस्य थे, सभी को भारी आर्थिक एवं मानसिक कठिनाइयों का सामना करना पड़ा। लेकिन डाॅ. भारती गाँधी ने इससे हार नहीं मानी और कठिन परिस्थतियों में भी अपनी पढ़ाई को जारी रखते हुए स्नातक, एल0टी0, एम0एड., डिप्लोमा आॅफ गाइडेन्स साइकोलोजिस्ट (शैक्षिक मार्गदर्शन) एवं पी0एच0डी0 की परीक्षायें उत्तीर्ण की। अपनी पढ़ाई को जारी रखने के लिए डाॅ. भारती गाँधी ने ट्यूशन का भी सहारा लिया। इसके साथ ही आपने महिलाओं के उत्थान के लिए दहेज प्रथा को खत्म करने और शराब बंदी को लेकर उत्तर प्रदेश में अनेक सम्मेलनों एवं कार्यक्रमों का आयोजन किया।

    हम विश्व को शांति का पाठ पढ़ाना चाहते हैं:

    देश की आजादी के पहले अपने पिता पर हुए हमले और फिर उसके बाद देश के बंटवारे के समय फैली साम्प्रदायिक हिंसा का डाॅ. भारती गाँधी के मन-मस्तिष्क पर बहुत ही गहरा प्रभाव पड़ा। शायद यही कारण था कि महात्मा गांधी के इन विचारों से कि ‘‘अगर हम विश्व को वास्तविक शांति का पाठ पढ़ाना चाहते हैं तो हमें इसकी शुरूआत बच्चों से करनी होगी’’ से प्रभावित होकर जब 1959 में डाॅ. भारती गाँधी और उनके पति डाॅ. जगदीश गाँधी ने लखनऊ में 5 बच्चों एवं उधार के 300 रूपये से सिटी मोन्टेसरी स्कूल की स्थापना की तो उन्होंने बच्चों की स्लेट पर सबसे पहले ‘जय जगत्’ लिखकर सारे विश्व को यह संदेश दे दिया था कि वे बच्चों की शिक्षा के माध्यम से सारे विश्व में शांति की स्थापना केे लिए काम करेंगी।

    इसके लिए डाॅ. गांधी ने सर्वधर्म प्रार्थना, विश्व एकता प्रार्थना, बच्चों की वल्र्ड पालिर्यामेंट, चरित्र निर्माण मार्च, विश्व एकता मार्च, अहिंसा मार्च, सर्व धर्म एकता मार्च, स्वच्छ भारत अभियान, आओ दोस्ती करें, चिल्ड्रेन्स इण्टरनेशनल समर विलेज कैम्प (सी.आई.एस.वी.) आध्यात्मिक शिक्षा सम्मेलन, धार्मिक एकता सम्मेलन, विश्व के मुख्य न्यायाधीशों का अंतर्राष्ट्रीय सम्मेलन, अंतर्राष्ट्रीय बाल फिल्म महोत्सव, सी.एम.एस. कम्युनिटी रेडियो, विश्व एकता सत्संग के साथ ही 27 अंतर्राष्ट्रीय शैक्षिक सम्मेलनों को सी.एम.एस. की विस्तृत शिक्षा पद्धति में शामिल किया।

    गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकार्ड में नाम दर्ज:

    आज सिटी मोन्टेसरी स्कूल को स्थापित हुए 60 वर्ष हो गये है। इन साठ वर्षों में देश का सर्वश्रेष्ठ स्कूल बन चुका सिटी मोन्टेसरी स्कूल, लखनऊ एक ओर जहां गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकार्ड में एक ही शहर में सबसे अधिक (वर्तमान में 56 हजार से अधिक) बच्चों वाला दुनिया का सबसे बड़ा विद्यालय बन गया है, तो वहीं दूसरी ओर उसे शिक्षा के माध्यम से सारी दुनिया में शांति स्थापित करने के प्रयास के लिए वर्ष 2002 में यूनेस्को द्वारा ‘प्राइज फाॅर पीस एजुकेशन अवार्ड’ से भी सम्मानित किया जा चुका है। इसके साथ ही शिक्षा के माध्यम से सारे विश्व में शांति एवं एकता की स्थापना के लिए सी.एम.एस. द्वारा किये जा रहे अथक प्रयास को मान्यता प्रदान करते हुए संयुक्त राष्ट्र संघ ने सी.एम.एस. को अपना अधिकृत गैर सरकारी संस्था (एन.जी.ओ.) घोषित किया है। इसका सम्पूर्ण श्रेय डाॅ. भारती गांधी के नेतृत्व एवं मार्गदर्शन में सिटी मोन्टेसरी स्कूल की शिक्षा पद्धति के साथ ही साथ सर्वधर्म समभाव, विश्व मानवता की सेवा, विश्व बंधुत्व व विश्व एकता के लिए किये जाने वाले उनके अनेक सद्प्रयासों को जाता है।

    ईश्वर एक है। धर्म एक है:

    डाॅ. गाँधी का मानना है कि युद्ध कभी भी किसी भी समस्या का हल नहीं रहा है बल्कि युद्धों पर खर्च होने वाली भारी-भरकम धनराशि के कारण विश्व की सारी मानवजाति को रोटी, कपड़ा मकान, शिक्षा और चिकित्सा जैसी बुनियादी सुविधाओं से भी वंचित होना पड़ रहा है। डाॅ. गाँधी कहतीं हैं कि युद्ध से कभी भी शांति नहीं लाई जा सकती है। इसलिए इस युग में हमें धर्मों की एकता और मानवजाति की एकता स्थापित करना है। इसके लिए उनके मार्गदर्शन में सिटी मोन्टेसरी स्कूल प्रत्येक बच्चे को बचपन से ही यह शिक्षा दे रहा है कि ईश्वर एक है। धर्म एक है तथा सारी मानवजाति एक ही परमपिता परमात्मा की संतान है।

    बच्चों की शिक्षा के लिए आज भी प्रयासरत्:

    वास्तव में इन 60 वर्षों में डाॅ. भारती गाँधी ने सिटी मोन्टेसरी स्कूल की अनूठी शिक्षा पद्धति के माध्यम से कई लाख बच्चों के मन-मस्तिष्क में न केवल शांति रूपी बीज को रोपित किया है बल्कि भौतिक, सामाजिक और आध्यत्मिक शिक्षा के संतुलित ज्ञान एवं विभिन्न शैक्षणिक कार्यक्रमों के माध्यम से उन्हें विश्व नागरिक के रूप में विकसित भी किया है। अपने इस अभियान को पूरा करने के लिए आज 85 वर्ष की उम्र में भी वे पूरे जोश एवं उत्साह के साथ बच्चों की शिक्षा एवं उनके चरित्र निर्माण के लिए प्रयासरत् हैं, जिसके लिए उन्हें व उनके स्कूल को कई राष्ट्रीय एवं अंतर्राष्ट्रीय पुरस्कारों से सम्मानित भी किया जा चुका है।

    Keep Reading

    Raj Thackeray targets Gadkari; says the Petroleum Minister is silent while the Transport Minister is preaching.

    राज ठाकरे ने गडकरी पर साधा निशाना, बोले – पेट्रोलियम मंत्री चुप, ट्रांसपोर्ट मंत्री दे रहे प्रवचन

    नफ़रती ‘कृपा’ पर जननायक की शुचिता भारी

    Launch of a massive green initiative inspired by the ‘Ek Ped Maa Ke Naam’ (A Tree in Mother’s Name) campaign; Deputy Chief Minister Keshav Prasad Maurya plants the first sapling in Jhansi.

    ‘एक पेड़ माँ के नाम’ से प्रेरित हरित महायज्ञ का शुभारंभ, झांसी में उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने लगाया पहला पौधा

    'Flying squirrel' spotted in Ramnagar after 12 years.

    रामनगर में 12 साल बाद दिखी ‘उड़ने वाली गिलहरी’

    Shrinking families, fraying ties: The quiet sob of loneliness echoed at the seminar.

    सिमटता परिवार, बिखरते रिश्ते: अकेलेपन की सिसकी गूंजी संगोष्ठी में

    Teacher's life in danger after drinking Bisleri water: Mouth and food pipe burned, fight at Meerut Medical College

    बिसलेरी पानी पीने से अध्यापिका की जिंदगी संकट में: मुँह और फूड पाइप जल गया, मेरठ मेडिकल कॉलेज में जंग

    1 Comment

    1. Landscaping on June 26, 2019 8:18 pm

      Hello, i think that i saw you visited my weblog so i came to “return the favor”.I’m
      trying to find things to enhance my site!I suppose its
      ok to use some of your ideas!!

      Reply
    Leave A Reply Cancel Reply

    Advertisment
    Google AD
    We Are Here –
    • Facebook
    • Twitter
    • YouTube
    • LinkedIn

    EMAIL SUBSCRIPTIONS

    Please enable JavaScript in your browser to complete this form.
    Loading
    About



    ShagunNewsIndia.com is your all in one News website offering the latest happenings in UP.

    Editors: Upendra Rai & Neetu Singh

    Contact us: editshagun@gmail.com

    Facebook X (Twitter) LinkedIn WhatsApp
    Popular Posts
    Raj Thackeray targets Gadkari; says the Petroleum Minister is silent while the Transport Minister is preaching.

    राज ठाकरे ने गडकरी पर साधा निशाना, बोले – पेट्रोलियम मंत्री चुप, ट्रांसपोर्ट मंत्री दे रहे प्रवचन

    July 13, 2026

    नफ़रती ‘कृपा’ पर जननायक की शुचिता भारी

    July 13, 2026
    Launch of a massive green initiative inspired by the ‘Ek Ped Maa Ke Naam’ (A Tree in Mother’s Name) campaign; Deputy Chief Minister Keshav Prasad Maurya plants the first sapling in Jhansi.

    ‘एक पेड़ माँ के नाम’ से प्रेरित हरित महायज्ञ का शुभारंभ, झांसी में उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने लगाया पहला पौधा

    July 13, 2026

    मंदिरों में विश्वास का संकट – निगरानी की अनदेखी अब महंगी पड़ रही है

    July 13, 2026
    'Flying squirrel' spotted in Ramnagar after 12 years.

    रामनगर में 12 साल बाद दिखी ‘उड़ने वाली गिलहरी’

    July 13, 2026

    Subscribe Newsletter

    Please enable JavaScript in your browser to complete this form.
    Loading
    Privacy Policy | About Us | Contact Us | Terms & Conditions | Disclaimer

    © 2026 ShagunNewsIndia.com | Designed & Developed by Krishna Maurya

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.

    Newsletter
    Please enable JavaScript in your browser to complete this form.
    Loading