फेस्टिव सीजन से पहले केरल पर्यटन ने 101 उत्सवों की डिजिटल कैलेंडर लॉन्च की, वर्कला में ‘यानम 2025’ लिटरेचर फेस्टिवल और चैंपियंस बोट लीग के साथ घरेलू पर्यटकों की संख्या 2.22 करोड़ पार; सस्टेनेबल ट्रैवल पर जोर
तिरुवनंतपुरम, 10 अक्टूबर 2025: त्योहारों और छुट्टियों के मौसम में ‘गॉड्स ओन कंट्री’ केरल एक बार फिर यात्रियों को लुभाने को तैयार है। राज्य सरकार ने फेस्टिव सीजन से पहले 101 उत्सवों और सांस्कृतिक आयोजनों की डिजिटल कैलेंडर लॉन्च की है, जो पर्यटकों को वर्चुअल पूर्वावलोकन के साथ यात्रा योजना बनाने में मदद करेगी। यह पहल 2025-26 के लिए तैयार की गई है, जिसमें मल्टीमीडिया कंटेंट जैसे वीडियो, फोटो और विस्तृत विवरण शामिल हैं, ताकि यात्री केरल की जीवंत संस्कृति का आनंद ले सकें।

पर्यटन मंत्री पी. ए. मोहम्मद रियास ने कहा, “यह डिजिटल कैलेंडर केरल को वैश्विक स्तर पर मजबूत बनाएगा। कोविड के बाद हमारी पर्यटन वृद्धि वैश्विक औसत से ऊपर रही है, और अब रोडशो व नेटवर्किंग से यह गति पकड़ेगी।” उन्होंने बताया कि 2024 में राज्य ने 2.22 करोड़ घरेलू पर्यटकों का स्वागत किया, जो महामारी पूर्व स्तर से 21% अधिक है। अंतरराष्ट्रीय पर्यटकों में भी 13.76% की वृद्धि हुई, हालांकि अभी 2019 के आंकड़ों तक पहुंचना बाकी है। यह सफलता सस्टेनेबल टूरिज्म, वेलनेस रिट्रीट्स और ग्रामीण अनुभवों पर केंद्रित नीतियों का परिणाम है।

नई पेशकशों में पारंपरिक बैकवॉटर्स, समुद्र तटों और हिल स्टेशनों के अलावा उभरते गंतव्य जैसे वर्कला को प्रमुखता दी गई है। यहां 17 से 19 अक्टूबर तक ‘यानम 2025: टेल्स, ट्रेल्स एंड जर्नीज’ आयोजित होगा—भारत का पहला ट्रैवल लिटरेचर फेस्टिवल। रंगा कला केंद्रम में होने वाले इस तीन दिवसीय उत्सव में लेखक, यात्री, कलाकार और व्लॉगर्स अपनी यात्रा कहानियां साझा करेंगे। इसमें पैनल चर्चाएं, फिल्म स्क्रीनिंग, वर्कशॉप्स (राइटिंग, फोटोग्राफी, वेलनेस), डिस्कवरी ट्रेल्स (क्लिफ और बैकवॉटर गांवों की सैर), लाइव परफॉर्मेंस, आर्टिसन मार्केट और बॉनफायर नाइट्स शामिल होंगे। क्यूरेटर सबीन इकबाल और प्रोग्रामर निर्मला गोविंदराजन के नेतृत्व में यह फेस्टिवल वर्कला को अनुभव-आधारित गंतव्य के रूप में स्थापित करेगा। इसके लिए 25 करोड़ रुपये का इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट भी शुरू हो चुका है।

साहसिकता के शौकीनों के लिए चैंपियंस बोट लीग (सीबीएल-5) भी रोमांचक रहेगी, जो 19 सितंबर से 6 दिसंबर तक 14 स्थानों पर चलेगी। अलाप्पुझा के कैन्नाकरी से शुरू होकर कन्नूर के धर्मदम तक फैली यह लीग 15 नावों और 20-20 रोअर्स वाली रेसों का आयोजन करेगी। कुल पुरस्कार राशि लाखों में है, जिसमें विजेता टीम को 25 लाख रुपये मिलेंगे। यह केरल की जल-सांस्कृतिक विरासत को जीवंत बनाएगी।
कला प्रेमियों के लिए कोच्चि-मुजिरिस बिएनाले की छठी संस्करण 12 दिसंबर 2025 से 31 मार्च 2026 तक चलेगी। क्यूरेटर निखिल चोपड़ा के नेतृत्व में ‘फॉर द टाइम बीइंग’ थीम पर आधारित यह प्रदर्शनी 60 समकालीन कलाकारों के कार्यों को 12 स्थानों पर पेश करेगी, जो कला, समुदाय और संवाद को बढ़ावा देगी।
पर्यटन निदेशक सिखा सुरेंद्रन ने कहा, “ये पहलें न केवल पर्यटकों को सस्टेनेबल और सांस्कृतिक अनुभव देंगी, बल्कि स्थानीय समुदायों को सशक्त भी करेंगी।” ओणम 2025 (3-9 सितंबर) जैसे पारंपरिक उत्सवों के साथ मिलकर ये आयोजन केरल को वैश्विक पर्यटन मानचित्र पर नई ऊंचाइयों तक ले जाएंगे।
केरल पर्यटन की यह रणनीति न केवल यात्रा को समृद्ध बनाएगी, बल्कि जिम्मेदार पर्यटन के माध्यम से पर्यावरण संरक्षण और आर्थिक विकास को भी बढ़ावा देगी। यदि आप फेस्टिव सीजन में केरल घूमने की योजना बना रहे हैं, तो keralatourism.org पर डिजिटल कैलेंडर चेक करें!






