माध्यमिक कम्प्यूटर अनुदेशक एसोसिएशन उप्र ने अपनी माँगों को लेकर माध्यमिक शिक्षा निदेशालय परिसर में आमरण अनशन जारी रखा।
लखनऊ, 1अगस्त: धरने के 8 दिन बीत जाने के बाद भी शासन ने अभी तक अनशनकारियों से बात नही की और न ही प्रशासन ने माननीय मुख्यमंत्री से वार्ता कराई। जिससे अनशनकारियों में भारी नाराजगी है। इस बीच संगठन की अध्यक्ष सुश्री साजदा पंवार आज से स्वयं आमरण अनशन पर बैठ गईं हैं। उन्होंने ये भी कहा है कि आगामी दो दिनों के अन्दर माननीय मुख्यमंत्री जी से वार्ता कर समस्या का समाधान नही होता है तो सामूहिक रुप से कोई भी कठोर निर्णय लिया जायेगा।
उन्होंने यह भी बताया कि सोमवार रात 10 बजे संगठन के महामंत्री श्री अनिरुद्ध पाण्डेय और कोषाध्यक्ष श्री इमरान खान की अचानक तबियत खराब हो जाने के कारण उन्हें अध्यक्ष ने स्वतः सिविल अस्पताल में भर्ती कराया। वहां चिकित्सकों ने दोनों को भर्ती करने के लिये कहा, लेकिन अनशनकारियों ने भर्ती होने से मना कर दिया। अनशनकारी रात भर आपातकालीन चिकित्सा सुविधा लेकर पुनः आमरण अनशन पर वापस बैठ गये। इसी प्रकार ब्रजेश पाठक (बलिया) सहित आधा दर्जन से अधिक अनशनकारियों को तबियत खराब होने पर अस्पताल में उनका इलाज अभी भी चल रहा है। अभी कई अनशकारियों की तबियत गम्भीर चल रही है। जिसमें प्रदेशीय प्रवक्ता पुण्य प्रकाश त्रिपाठी (देवरिया), मुरादाबाद मण्डल अध्यक्ष मो. दिलनवाज, मण्डल अध्यक्ष मेरठ देवेन्द्र सिंह (हापुड़), कानपुर मण्डल मंत्री नीरज शुक्ला, जिलाध्यक्ष गाजियाबाद कु. वर्षा रानी और श्रीमती रोली श्रीवास्तव सीतापुर सहित अन्य कई शिक्षक/शिक्षिकाओं की हालत नाजुक बनी हुई है। यदि जल्द ही माननीय मुख्यमंत्री जी से वार्ता नही कराई गई तो आक्रोशित और निराश कम्प्यूटर शिक्षक कोई भी आत्मघाती कदम उठा सकता है। जिसकी पूर्ण जिम्मेदारी शासन, विभाग और सरकार की होगी।
संगठन मंत्री बृहमप्रकाश दुबे का कहना है कि जब तक हम कम्प्यूटर शिक्षकों को पुनः विद्यालय भेजने का आदेश जारी नही होता है और कम्प्यूटर शिक्षा सुचारु रुप से संचालित नही होती है। तब तक आन्दोलन जारी रहेगा।

तबियत ज्यादा ख़राब होने पर अनशनकारी बलिया के ब्रजेश पाठकको अस्पताल ले जाते हुए







